वोटर्स हटाने की ‘गुमनाम’ आपत्तियां; नाम-पता, मोबाइल नंबर तक नहीं:जीतू बोले- टारगेट पर कांग्रेस के वोटर, बीजेपी ने फॉर्म छपवाकर बीएलओ के पास भेजे

एसआईआर यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन के तहत वोटर्स के नाम जोडने, काटने और संशोधन के लिए आज दावे-आपत्तियों का आखिरी दिन है। भोपाल सहित एमपी के अलग-अलग जिलों से वोटर्स के नाम हटाने के लिए बड़ी संख्या में ऐसे गुमनाम आवेदन बीएलओ तक पहुंचे हैं जिनमें शिकायतकर्ता का नाम, पता मोबाइल नंबर और दस्तखत तक नहीं हैं।
कांग्रेस का आरोप है कि ये मतदाताओं के नाम कटवाने के लिए जो फॉर्म-7 बीएलओ के पास भेजे गए हैं। वो बीजेपी ने छपवाए हैं। पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के ऑफिस पहुंचकर लिखित में शिकायत की है। कांग्रेस के आरोपों की दैनिक भास्कर ने पड़ताल की तो चौंकाने वाली जानकारी सामने आई। भोपाल: शिकायतकर्ता का नाम नहीं फिर भी आपत्ति दर्ज
भोपाल जिले की बैरसिया विधानसभा के नायसमंद में 86 वोटर्स के नाम काटने के लिए फॉर्म 7 बूथ लेवल ऑफिसर्स (BLOs) को भेजे गए हैं। चौंकाने वाली बात ये है कि इन फॉर्म में शिकायतकर्ता का नाम पता और मोबाइल नंबर नहीं लिखा है। न ही शिकायतकर्ताओं के साइन हैं। कांग्रेस का आरोप है कि इन फॉर्म 7 को किसी सॉफ्टवेयर के जरिए टाइप किया गया है। इसमें अधिकांश अल्पसंख्यक वर्ग के मतदाताओं के नाम काटने के लिए आपत्ति लगाई गई है।
जिन वोटर्स के नाम काटने के लिए आपत्तियां लगाई गईं हैं कांग्रेस के बूथ लेवल एजेंट ने उन मतदाताओं के घर जाकर बातचीत करके वीडियो जारी किया है। जिसमें मतदाता कह रहे हैं कि वे पीढ़ियों से यहां रहते हुए आ रहे हैं। राजगढ़: फर्जी साइन कर की गई शिकायतें
राजगढ़ के ब्यावरा में कांग्रेस की ओर से रिटर्निंग ऑफिसर को शिकायत की गई है। कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा संगठन द्वारा ब्यावरा विधानसभा के हर बूथ पर वैध मतदाताओं के नाम पर झूठी आपत्तियां पेश की जा रही हैं। इन आपत्तियों की पुष्टि किए बिना इन्हें पॉलिटिकल प्रेशर के कारण निर्वाचन कार्यालय में लिया जा रहा है। जबकि नियमानुसार आपत्तियां बीएलओ के पास दर्ज होनी चाहिए। टीकमगढ़: एक पंचायत के 300 वोटर्स के नाम काटने लगाई आपत्ति
टीकमगढ़ के खरगापुर विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत बड़ाघाट के तीन गांव हनुमतपुरा, बड़ाघाट, तमोरा के ग्रामीणों से बल्देवगढ़ एसडीएम से शिकायत की है। ग्रामीणों का आरोप है कि बीजेपी की ओर से भेजे 300 लोगों के नाम काटने के लिए आवेदन दिए गए हैं। भागीरथ यादव, राममिलन यादव, खुम्मन रैकवार, दशरथ रैकवार, बृजराज यादव , विक्रम यादव द्वारा फर्जी शिकायतें करके ग्रामीणों के नाम मतदाता सूची से कटवाने की साजिश की जा रही है। एसडीएम को दिए ज्ञापन में झूठी आपत्ति दर्ज कराने वालों पर आपराधिक प्रकरण दर्ज करने की मांग की गई है। पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष दिग्विजय सिंह गौर का कहना है कि खरगापुर विधानसभा की ग्राम पंचायत गणेशपुरा में कुशवाहा समाज के 39 लोगों के नाम काटने के लिए आपत्तियां दी गई हैं, जबकि वो लोग पीढियों से गांव के निवासी है। हम एक भी पात्र मतदाता का नाम नहीं कटने देंगे। सीधी: बीजेपी नेता ने अल्पसंख्यकों के नाम कटवाने दिए आवेदन
सीधी के जिला निर्वाचन अधिकारी से अल्पसंख्यक वर्ग के मतदाताओं ने शिकायत की है कि बीजेपी के बीएलए बृजेश सिंह ने 4-5 बार फार्म-7 भरकर मुस्लिम समुदाय के लोगों के नाम कटवाने के लिए आवेदन दिए हैं। हम लोग यहां के निवासी हैं। इसके बावजूद बीएलओ के माध्यम से बीजेपी नेता शपथ पत्र मांगकर परेशान कर रहे हैं।
जबकि, बीजेपी के बीएलए बृजेश सिंह के परिवारजनों के नाम भाग संख्या 272 और भाग संख्या 69 पटेहरा में भी दर्ज हैं। अल्पसंख्यक वर्ग के मतदाताओं ने निर्वाचन अधिकारी से मांग की है कि जो व्यक्ति आपत्ति लगाने के लिए फॉर्म 7 जमा करे उससे हलफनामा लिया जाए। पटवारी बोले: तीन दिन में 11 लाख फॉर्म कैसे आ गए जीतू पटवारी ने कहा कि सारे जिला निर्वाचन अधिकारियों, रिटर्निंग ऑफिसर से लेकर बीएलओ से प्रार्थना करता हूं कि 11 लाख नाम तीन दिन में बढ़ गए। 4 लाख से सीधे 11 लाख फॉर्म 7 दिए गए। ये बीजेपी की साजिश की ओर इशारा कर रहा है। चूंकि बीजेपी का राज है तो फिर बीजेपी की सरकार में मंत्रियों की ड्यूटी क्यों लगाई?
पटवारी ने कहा- राजस्थान और कई राज्यों में ऐसे घटनाक्रम सामने आए हैं कि भाजपा एससी,एसटी, ओबीसी और अल्पसंख्यक वर्ग के नाम कटवा रही है। कांग्रेस के जो परिवार हैं उनके नाम कटवाए जा रहे हैं। फॉर्म 7 का दुरुपयोग किया जा रहा फाॅर्म 7 का दुरुपयोग किया जा रहा है। फाॅर्म 7 के अंतर्गत एक व्यक्ति एक आपत्ति दर्ज करा सकता है लेकिन, बीजेपी के एक-एक कार्यकर्ता ने 25-25 आपत्तियां दर्ज कराईं। इसके प्रमाण हमने निर्वाचन आयोग को दिए हैं। मैं निर्वाचन में काम करने वाले अधिकारियों से निवेदन करता हूं कि एक बूथ पर भी आपने भाजपा का साथ दिया? एक भी सही नाम काटा, या एक भी अवैध नाम जोड़ा तो हम आपके खिलाफ पुलिस में एफआईआर कराएंगे। यही निर्देश कोर्ट ने बिहार असम के संदर्भ में दिए हैं। बीजेपी के प्रभाव में गलत काम करने वाले बीएलओ जेल जाएंगे
जीतू पटवारी ने कहा- 95 प्रतिशत बीएलओ ईमानदारी से काम कर रहे हैं। 5 प्रतिशत बीएलओ बीजेपी के नेताओं के प्रभाव में आकर दुरुपयोग कर रहे हैं, अगर आपने एक भी नाम गलत तरीके से काटा तो भाजपा के लोग आपके भविष्य के लिए हथेली लगाने नहीं आएंगे। अगर बीजेपी नेताओं के प्रभाव में आकर कोई काम किया तो थाना और जेल की सलाखें आपका रास्ता देख रहीं हैं। रायसेन में 200 लोगों के नाम कटने की आपत्ति
रायसेन में एक व्यक्ति ने 200 लोगों के नाम कटवाने के लिए आपत्ति ली। जिन लोगों ने आपत्ति ली उनसे पूछा तो उन्हें पता ही नहीं था। उनके नाम से नकली आपत्ति दर्ज कराई गई थी। ऐसी कई बातें आदिवासी क्षेत्रों में सामने आईं हैं। खासकर जो आदिवासी पलायन कर गए वे अपना नाम एसआईआर में सत्यापन करवाकर वापस चले गए उनके नाम काटने के लिए आपत्तियां दर्ज कराई जा रहीं हैं। ये खबर भी पढ़ें…
भोपाल में 4.38 लाख वोटर्स के नाम कटे…जुड़ेंगे 50 हजार भोपाल में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) सर्वे में कुल 4.38 लाख वोटर्स के नाम कटे हैं, लेकिन नए नाम सिर्फ 50 हजार ही जुड़े हैं। गुरुवार को वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने, घटाने और संशोधन का आखिरी दिन है। इसके चलते टीमें वार्डों में जाकर कैम्प भी लगा रही है।पूरी खबर पढ़ें

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