शहीद वीर नारायण सिंह बलिदान दिवस पर याद किए गए:दीपका और दर्री में प्रतिमा पर माल्यार्पण किया, आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया

छत्तीसगढ़ के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम सेनानी शहीद वीर नारायण सिंह को उनके बलिदान दिवस पर दीपका और दर्री क्षेत्रों में याद किया गया। इस अवसर पर उनकी प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया गया। दीपका में छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना (एक गैर-राजनीतिक संगठन) ने एक कार्यक्रम आयोजित किया। संगठन के प्रमुख सदस्यों ने शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके जीवन संघर्ष तथा छत्तीसगढ़ के लिए दिए गए अमूल्य योगदान पर प्रकाश डाला। दीपका और दर्री में वीर नारायण सिंह को नमन वक्ताओं ने कहा कि वीर नारायण सिंह ने अन्याय और शोषण के विरुद्ध आवाज़ उठाई और अपनी मातृभूमि के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा प्रेरणास्रोत रहेगा। उपस्थित सभी सेनानियों ने छत्तीसगढ़ की संस्कृति, अस्मिता और मूल निवासियों के हकों की रक्षा के लिए उनके दिखाए मार्ग पर चलने की प्रतिज्ञा ली। वहीं, दर्री में भी शहीद वीर नारायण सिंह को उनके बलिदान दिवस पर याद किया गया। सोनाखान की धरती से संबंध रखने वाले वीर नारायण सिंह ने आजादी के संघर्ष में अंग्रेजों को चुनौती दी और युवाओं को एकजुट किया। दर्री स्थित उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण करते हुए आंतरिक और बाहरी खतरों से निपटने का संकल्प लिया गया। इस दौरान भाजपा मंडल के कई पदाधिकारी उपस्थित रहे और उन्होंने शहीद वीर नारायण सिंह के जयकारे लगाए।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *