बलरामपुर जिले के रामचंद्रपुर ब्लॉक में प्रायमरी स्कूल का टीचर छह माह से विशेष जनजाति वर्ग की नाबालिग किशोरी का दैहिक शोषण कर रहा था। किशोरी जब प्रेगनेंट हो गई तो उसने घटना की जानकारी अपनी मां को दी। घटना की रिपोर्ट त्रिकुंडा थाने में दर्ज कराई गई। रिपोर्ट पर पुलिस ने फरार आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।
जानकारी के मुताबिक, रामचंद्रपुर ब्लॉक के प्रायमरी स्कूल में पदस्थ टीचर विक्रम सोनी का स्कूल के पास रहने वाले पंडो विशेष जनजाति परिवार के घर आना जाना था। टीचर परिवार की 17 वर्षीय किशोरी से बातचीत भी करता था। किशोरी के पिता कमाने के लिए बाहर चले गए थे।
रेप के बाद दैहिक शोषण, प्रेगनेंट हुई तो खुला मामला
अगस्त 2024 में विक्रम सोनी ने किशोरी को घर में अकेला पाकर उसके साथ रेप किया। इसके बाद वह किशोरी का दैहिक शोषण कर रहा था। जब दिसंबर माह में किशोरी ने अपनी मां को घटना की जानकारी दी कि वह करीब पांच माह से प्रेेगनेंट है। टीचर विक्रम सोनी ने उसके साथ रेप किया था।
मामले की जानकारी मिलने पर किशोरी की मां ने पंडो समाज के लोगों को दी। इसकी रिपोर्ट 26 जनवरी को त्रिकुंडा थाने में दर्ज कराई गई।
आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजा गया
मामले में पुलिस ने टीचर विक्रम सोनी के खिलाफ धारा 64 2 ढ एवं पॉक्सो एक्ट की धारा 4,5 के तहत अपराध दर्ज किया। मामला सार्वजनिक होने पर शिक्षक डेढ़ माह पूर्व फरार हो गया था। वह किशोरी के परिजनों को धमकी भी दे रहा था।
त्रिकुंडा पुलिस ने आरोपी विक्रम सोनी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया है।
विक्रम सहायक शिक्षक प्राथमिक शाला विशुनपुरा ग्राम पंचायत महादेव पुर ब्लॉक रामचंद्र पुर जिला बलरामपुर मे पदस्थ एक साल से नाबालिक पण्डो विशेष पिछडी जनजाति छात्रा के साथ बहला फुसला कर योन शोषण कर रहा था, जिससे 5-6 महिने का नाबालिक पीडिता गर्भवती हो गई है, इसकी जानकारी पीडिता के अभिभावक गण पण्डो समाज को बताने पर दिनांक 26/1/2025 को डिण्डो चौकी मे एफ आइ आर दर्ज कराया गया था, एफ आइ आर दर्ज की जानकारी मिलते ही आरोपी विक्रम सहायक शिक्षक पुलिस के गिरफ्त से भाग गया था, आज दिनांक 4/2/2025 को डिण्डो पुलिस चौकी द्वारा आरोपी विक्रम सहायक शिक्षक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है. आरोपी फरारी के दौरान पीडिता के परिजनों को जान से मारने पिटने का धमकी दिया जा रहा था, एक- डेढ माह से आरोपी विक्रम सहायक शिक्षक अपने स्कूल मे पढाने नहीं गया था, इस दौरान आरोपी अपने किए गये नाबालिक लडकी के साथ दुष्कर्म करने पर मामले को सलटाने मैनेजमेंट करने मे लगा था,इस दौरान फर्जी मेडिकल बनवा कर शिक्षा विभाग के समक्ष प्रस्तुत किया गया था,
आदर्श आचार संहिता लागू है इसके बाद भी आरोपी विक्रम सहायक शिक्षक अपने स्कूल मे अनुपस्थित रहने पर शिक्षा विभाग कोई कारवाही नहीं किया गया है. आरोपी विक्रम सहायक शिक्षक के कारण पीडिता अपनी पढाई बीच मे ही छोड दी है.


