श्रद्धा, विश्वास और आस्था जब शासन की संवेदनशील पहल से जुड़ती है, तो सपने साकार हो जाते हैं। श्री राम लला दर्शन योजना ने कबीरधाम जिले के एक साधारण दंपती को वह सौभाग्य प्रदान किया, जिसकी वे वर्षों से कामना कर रहे थे। ग्राम बबई निवासी डोमन साहू व उनकी पत्नी पार्वती साहू के लिए अयोध्या धाम जाकर प्रभु श्री राम के दर्शन करना अब केवल सपना नहीं, बल्कि जीवन भर संजोने वाली एक पावन स्मृति बन गया। उन्होंने कहा कि रामलला का दर्शन करना एक अविस्मरणीय अनुभव है। अयोध्या में अपने आराध्य प्रभु श्री रामलला के दर्शन से मन को शांति और आत्मिक संतोष मिलता है। प्रभु श्री राम के दर्शन की इच्छा उनके मन में लंबे समय से थी, लेकिन आर्थिक और पारिवारिक कारणों से अयोध्या जाना संभव नहीं हो पा रहा था। जब उन्हें श्री राम लला दर्शन योजना की जानकारी मिली, तो उन्होंने जनपद कार्यालय में स्वयं और अपनी पत्नी के लिए आवेदन किया। दर्शन कर लौटे श्रद्धालुओं का कवर्धा में सम्मान किया गया। इस मौके पर बताया गया कि रामलला का दर्शन हर श्रद्धालुओं के लिए एक विशेष और आध्यात्मिक अनुभव होता है। सभी श्रद्धालु गांव में जाकर रामलला दर्शन से प्राप्त आनंद की अनुभूति का अनुभव जरूर साझा कर रहे हैं। जिले के 71 श्रद्धालुओं को स्पेशल ट्रेन से लेकर गए थे इस बार कबीरधाम जिले से कुल 71 श्रद्धालु इस पावन यात्रा पर रवाना हुए, जिनमें कई दंपति भी थे। यात्रा के अनुभव साझा करते हुए दंपती ने बताया कि शासन द्वारा यात्रा की शुरुआत से लेकर वापसी तक हर छोटी-बड़ी सुविधा का विशेष ध्यान रखा गया। कवर्धा से दुर्ग रेलवे स्टेशन तक निशुल्क बस सुविधा उपलब्ध कराई गई। विशेष ट्रेन से श्रद्धालुओं को काशी व अयोध्या धाम ले जाया गया। एक हजार से भी ज्यादा श्रद्धालुओं ने किए दर्शन सीएम विष्णुदेव साय के सुशासन और मोदी की गारंटी के तहत प्रदेश में विकास के साथ-साथ धार्मिक आस्था को भी सशक्त किया जा रहा है। श्री रामलला दर्शन योजना के माध्यम से अब तक कबीरधाम जिले के हजारों श्रद्धालु प्रभु श्री राम के दर्शन कर अपने जीवन को धन्य कर चुके हैं। यह योजना जनसामान्य के लिए आस्था, सुविधा और सम्मान का प्रतीक बनकर सामने आई है।


