श्रीगंगानगर में डिजिटल अरेस्ट के 3 आरोपी पकड़े:दामाद की गिरफ्तारी का डर दिखाकर महिला को बनाया था शिकार

श्रीगंगानगर में शहर के अग्रसेन नगर निवासी महिला को डिजिटल अरेस्ट कर 66 लाख 70 हजार रुपए की ठगी के मामले में पुलिस ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। तीनों आरोपी भोपाल के रहने वाले हैं।
श्रीगंगानगर पुलिस ने इन्हें भोपाल में पकड़ा है। आरोपी वहां झुग्गी झोपड़ियों में रहते हैं। घटना को अंजाम देने वाले मुख्य आरोपियों ने ठगी करते ही इस रुपए को करीब 50 खातों में रोटेट किया। इन्हीं खातों में से पहला नंबर इन आरोपियों का था। यानी इन आरोपियों ने घटना को अंजाम देने वाले साइबर ठगों को अपना बैंक खाता उपयोग करने की अनुमति दी। साइबर ठगों ने इन खातों का उपयोग कर घटना की। इनसे आगे की चेन खंगाली जा रही है। सभी आरोपियों को भोपाल में दबोचा
अग्रसेन नगर के रहने वाले जयभगवान गुप्ता ने इस साल जुलाई में पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया कि उसकी पत्नी के पास व्हाट्स एप कॉल आई। कॉल करने वाले के व्हाट्स एप पर पुलिस अधिकारी की फोटो लगी थी। कॉल करने वाले ने गुप्ता की पत्नी के बताया कि पुलिस ने उनके दामाद को रेप के मामले में पकड़े जाने की बात कही। इस पर गुप्ता की पत्नी घबरा गई। आरोपी ने उनके बताए खातों में रुपए डलवाने को कहा। दामाद की गिरफ्तारी का डर दिखाकर आरोपियों ने अलग-अलग खातों में 66 लाख 70 हजार रुपए डलवा लिए। 50 खातों में रोटेड किए पैसे
पीड़ित के पास जब रुपए खत्म हो गए तो उन्होंने इसके लिए दूसरों से रुपए उधार लेने चाहे तो मामला खुूला। मामला दर्ज होने पर जांच अधिकारी डीएसपी कुलदीप वालिया ने उन खातों का पता किया, जिनमें रुपए जमा हुए। जांच में पता लगा कि रुपए जमा होते ही 50 खातों में रोटेट हो गए। इस पर पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू की। इस गैंग में पहले नंबर पर पकड़े गए आरोपी भोपाल निवासी मंगल सरसिया पुत्र मुकेश सरसिया, सुमित चन्नाल पुत्र प्रकाश चन्नाल और आरिफ खान पुत्र अनवर खान को गिरफ्तार किया। तीनों आरोपियों ने बताया कि उन्हें उनके खाते में रुपए जमा होने की एवज में 3 से 5 हजार रुपए दिए गए। लोन दिलवाने का झांसा देकर इन लोगों के एटीएम कार्ड, चैक बुक ओर पास बुक अपने पास रख लिए। इसके आधार पर उनके खातों का उपयोग किया। सादा वर्दी में डेरा डाले रही पुलिस
आरोपी भोपाल में झुग्गियों में रहते हैं। बैंक पास बुक में इनका जो पता था वे वहां नहीं मिले। इस पर उन्हें दूसरी झुग्गियों में तलाशा गया। तीन दिन श्रीगंगानगर पुलिस सादा वर्दी में भोपाल में डेरा डाले रही। वहां आरोपियों का पता लगने पर उन्हें झुग्गियों से बाहर बुलाकर गिरफ्तार किया गया। पुलिस उन्हें लेकर श्रीगंगानगर आई है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *