भास्कर न्यूज| चाईबासा जिला परिषद सदस्य जॉन मिरन मुंडा ने झींकपानी प्रखंड अंतर्गत बन रही सड़कों की गुणवत्ता एवं मजदूरों को न्यूनतम मजदूरी नहीं देने के संबंध में कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण सड़क निर्माण विभाग, चाईबासा को आवेदन दिया। इसकी प्रतिलिपि मुख्य सचिव झारखंड, उपायुक्त पश्चिमी सिंहभूम एवं उप विकास आयुक्त पश्चिमी सिंहभूम को भी दी गई है। जिप सदस्य ने आरोप लगाते हुए कहा है कि झींकपानी प्रखंड में आरईओ विभाग द्वारा ग्राम चोया से पहाड़भंगा तक सड़क निर्माण ए. के. कंस्ट्रक्शन, चांदीपी से नवागांव तक राय कंस्ट्रक्शन व माटागुटू से कुदाहातु तक राय कंस्ट्रक्शन द्वारा सड़क का काम कराया जा रहा है। उक्त तीनों ही निर्माण स्थल का निरीक्षण 27 दिसंबर और 8 जनवरी को किया गया था। इस दौरान मजदूरों से जब मजदूरी के बारे में जानकारी ली गई तो उन्होंने बताया कि उन्हें प्रतिदिन 300 रुपए की दर से मजदूरी का भुगतान किया जा रहा है। जबकि सरकार द्वारा न्यूनतम मजदूरी 505 रुपए तय है। वहीं गुणवत्ता की बात की जाए तो एक बोरा सीमेंट में 23 गमला मोटा व मिट्टी युक्त बालू मिलाया जा रहा है। जब इस बाबत आरईओ के इंजीनियर से जानकारी ली गई तो उन्होंने कहा कि मुझे इसके बारे में कोई जानकारी नहीं है। जिप सदस्य ने सड़क व कम मजदूरी देने के मामले की जांच कर दोषियों पर उचित कार्रवाई की जाए।


