स्वच्छता कॉरपोरेशन के तहत सफाई का काम कर रहे कर्मचारी मोनू कच्छप की मौत से नाराज जगन्नाथपुर एमटीएस के सफाई कर्मचारियों ने काम ठप कर दिया है। कर्मचारियों की हड़ताल की वजह से पिछले दो दिनों से जोन-4 के अंतर्गत आने वाले जगन्नाथपुर एमटीएस से जुड़े 26 वार्डों से कूड़े का उठाव बंद हो गया है। करीब 400 वाहन चालक व कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल कर मृत कर्मी के परिजनों को उचित मुआवजा देने की मांग की है। साथ ही सभी कर्मचारियों को ईएसआईसी व पीएफ का लाभ देने की मांग भी कर रहे हैं। कर्मियों का आरोप है कि सफाईकर्मी मोनू कच्छप को बेहतर इलाज नहीं मिलने की वजह से उसकी मौत हो गई। उसे निगम या कंपनी की ओर से किसी तरह की राहत नहीं मिली। इससे नाराज होकर कर्मचारियों ने कामकाज ठप कर दिया है। ऐसे में वार्ड 37 से 53 तक के सभी घरों से कचरे का उठाव बंद हो गया है। लोग घर का कचरा सड़क व नाली में फेंक रहे हैं। मृतक कर्मचारी को मुआवजा के लिए जगन्नाथपुर एमटीएस के सफाई कर्मचारियों ने जगन्नाथपुर थाना में आवेदन दिया है। जिसमें बताया है कि सोनू कच्छप 5 साल से रांची नगर निगम में सफाई कर्मचारी के पद पर कार्यरत था। 2 जनवरी 2026 को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। उसका ईएसआईसी कार्ड नहीं बना। एक साल से निगम द्वारा स्वच्छता कारपोरेशन कंपनी को काम का टेंडर दिया गया। एक वर्ष से हम सभी कर्मचारी कंपनी से ईएसआईएस की मांग कर रहे हैं, पर अब तक नहीं दिया गया। कहा कि मृतक का ईएसआईसी कार्ड होता तो इलाज में सुविधा मिलती। निधन के बाद परिवार का सहारा छिन गया है। कंपनी ने मुआवजा भी नहीं दिया। जगन्नाथपुर एमटीएस के सफाई कर्मचारियों ने मृतक के परिवार को मुआवजा दिलाने का आग्रह किया है। जल संकट से निजात के लिए सीएम को भेज रहे आग्रह पत्र
वार्ड 34 के विद्यानगर, गंगानगर, यमुनानगर, कृष्णा नगर बजरा में आने वाली गर्मी में जल संकट गहराएगा। क्षेत्र के 1000 लोगों ने जल संकट के हल के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नाम पत्र भेजने का अभियान चला रहे हैं। पूर्व पार्षद अरुण झा ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि आईटीआई बस स्टैंड के सामने पानी टंकी को शुरू कर वार्ड नंबर 34 के इन क्षेत्रों से जल संकट दूर कराया जा सकता है। उन्होंने अधिकारियों को संकट दूर करने के लिए निर्देश देने का आग्रह किया है।


