भास्कर न्यूज | कवर्धा बुधवार को अक्षय तृतीया के शुभ मुहूर्त पर मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना अंतर्गत सामाजिक रीति-रिवाजों के साथ जिले के 85 जोड़े एक साथ फेरे लेकर अटूट बंधन में बंध गए। कवर्धा विधायक व डिप्टी सीएम विजय शर्मा, महिला बाल विकास विभाग मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े शहर के गांधी मैदान में आयोजित विवाह कार्यक्रम में शामिल होकर परिणय सूत्र में बंधकर नए जीवन की शुरुआत करने वाले नव दाम्पत्य को बधाई दी। वर व वधु को पंडित ने सात वचनों का संकल्प भी दिलाया। नव दाम्पत्य जोड़ों को डिप्टी सीएम व मंत्री ने मंच पर आशीर्वाद प्रदान कर 35-35 हजार रुपए का चेक प्रदान किया। मंत्री लक्ष्मी रजवाड़े ने कहा कि आज का दिन अत्यंत शुभ व पवित्र है। अब ये सभी नवविवाहित जोड़े एक नई जिम्मेदारी के साथ जीवन की यात्रा आरंभ कर रहे हैं। आज से इन्हें यह स्वीकार करना है कि वे एक-दूसरे के जीवनसाथी हैं व उनके कंधों पर परिवार को प्रेम, समझदारी और सामंजस्य के साथ स्वर्ग जैसा बनाने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2005 में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना शुरू किया गया। योजना का लाभ जरूरतमंद बेटी तक पहुंचे: विजय शर्मा कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने कहा कि हम सब इस सामूहिक विवाह के साक्षी बने और नव-दाम्पत्य जोड़ों को एक साथ, एक स्थान और एक मंच पर उन्हें आशीर्वाद प्रदान करने का अवसर भी हम सबको मिला। अक्षय तृतीया का बहुत शुभ मुहूर्त है। सरकार का प्रयास है कि इस योजना को और अधिक प्रभावी बनाया जाए, ताकि इसका लाभ प्रदेश की हर जरूरतमंद बेटी तक पहुंचे। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना ने प्रदेश की बेटियों के जीवन में नई रोशनी और खुशहाली लाई है। यह केवल एक वित्तीय सहायता योजना नहीं, बल्कि बेटियों के आत्मसम्मान और सामाजिक सुरक्षा का प्रतीक बन चुकी है। योजना के माध्यम से आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों को विवाह के लिए सम्मानजनक सहयोग प्राप्त हो रहा है, जिससे वे आत्मविश्वास के साथ अपने नए जीवन की शुरुआत कर पा रही हैं। इस योजना के माध्यम से एक साथ कई जोड़ों का विवाह कराकर आर्थिक बोझ से राहत दिलाई गई। बैंड बाजा के साथ निकाली गई बारात कवर्धा शहर के वीर सावरकर भवन से छत्तीसगढ़ की पारंपरिक दाम्पत्य बाजा, बैंड सहित आतिशबाजी के साथ 85 नव दाम्पत्य की सामूहिक बारात निकाली गई। सांसद संतोष पांडेय समेत अन्य जनप्रतिनिधि एक ओर जहां वर पक्ष की ओर बारात में शामिल होकर दूल्हों का आत्मविश्वास बढ़ाया तो वहीं दूसरी ओर बेटियों की तरफ से उनके अभिभावक बनकर कलेक्टर गोपाल वर्मा, जिपं उपाध्यक्ष कैलाश चंद्रवंशी ने दूल्हों और वर पक्ष का माला पहनाकर स्वागत किया। उन्होंने दूल्हों का स्वागत करते हुए दाम्पत्य रिवाजों के साथ दूल्हों के हाथ पकड़कर शादी की मंडप तक भी लाएं। शादी को लेकर लोगों में उत्साह देखा गया।


