भास्कर न्यूज | जालंधर उदासीन आश्रम तप अस्थान बाबा श्री चंद जी महाराज से विरासित संत भाई हरिदास जी की स्मृति में गांव बिलगा में संत समागम करवाया गया। इस अवसर पर श्री अखंड पाठ साहिब जी की लड़ी के भोग डाले गए।समागम में गुरुद्वारा बारठ साहिब (पठानकोट) के हेड ग्रंथी भाई सुखराज सिंह पहुंचे और कथा-प्रवचनों के जरिए संगत को जोड़ा। समागम में भारत के विभिन्न राज्यों से उदासी, निर्मले, सेवा पंथी तथा निहंग सिंह जत्थेबंदियों ने हिस्सा लिया। महंत सीतल दास स्केत मंडी, महंत प्रकाश मुनी बिलासपुर हिमाचल प्रदेश, महंत सेवा दास मोगा, संत बाबा अमर सिंह जी मुख्य कथावाचक राड़ा साहिब, बाबा गुरप्रीत सिंह उदासीन (कैलिफोर्निया, यूएसए), बाबा रणजोध सिंह संप्रदाय राड़ा साहिब, बाबा जय अनूप सिंह जी जगराओं, बाबा बेअंत सिंह रुड़कां, संत बाबा जगत राम लुधियाना आदि मौजूद रहे। वहीं, इस मौके पर डॉ. जसकीत सिंह द्वारा रचित पुस्तक आत्म प्रबोध तथा उदासी पंथ: ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य का विमोचन किया गया। समागम में मौजूद संत-महापुरुष।


