भास्कर न्यूज | अमृतसर एक तरफ शिक्षा विभाग की ओर स्कूल ऑफ एमिनेंस में टॉप क्लास सुविधाएं दी जा रही हैं, वहीं दूसरी ओर दिव्यांग बच्चे सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं। जबकि इन बच्चों को दूसरे बच्चों की अपेक्षा ज्यादा सुविधाओं की जरूरत है। दिव्यांग बच्चों की सुविधा के लिए अमृतसर में पंजाब का इकलौता सरकारी पहल सेंटर चलाया जा रहा है। इस सेंटर में हर प्रकार की डिसेबलिटी के 138 स्टूडेंट्स पढ़ रहे हैं, लेकिन इस सेंटर की बिल्डिंग का स्थिति दयनीय है। पुरानी होने के कारण इसकी दीवारों में सीलन आ रही है। हालात यह है कि कुछ कमरों में बारिश के दौरान छत से पानी टपकता है। इस स्कूल में दो बिल्डिंग बनी हुई हैं। इनमें से एक बिल्डिंग के पास शौचालय की भी सुविधा नहीं है। जो शौचालय बने हैं वह दूसरी बिल्डिंग से दूर बने हुए हैं, वहां तक बार-बार बच्चों को लेकर जाने में समस्या आती है। क्योंकि बच्चों के साथ टीचर को भी साथ जाना पड़ता है। ऐसे में टीचर को पूरी क्लास छोड़कर जाना पड़ता है। डीसी साक्षी साहनी का इस संबंध में कहना है कि स्कूल की तरफ से एस्टिमेट मांगा गया था। वह आ गया है। इसको लेकर प्रोसेस भी शुरू कर िदया गया है। जल्द ही स्कूल की सहायता की जाएगी।


