चित्तौड़गढ़ | सरकारी स्कूल के बच्चों को प्रदेश में अभयारण्य देखने के लिए शुल्क नहीं देना होगा। विद्यार्थियों में वन एवं पर्यावरण के प्रति जागरुकता पैदा करने के लिए यह निर्णय किया गया है। विद्यार्थियों को बाघ परियोजनाओं एवं संरक्षित क्षेत्रों में निशुल्क भ्रमण की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इससे विद्यार्थी प्रकृति के महत्व को समझ सकें और उनमें वन्य जीवों के प्रति प्रेम उत्पन्न हो। इस संबंध में प्रदेश के सभी कलेक्टर और एसपी को भी निर्देश दिए गए हैं।


