सरकार बनने के करीब दो साल बाद आज से बीजेपी ऑफिस में मंत्रियों ने कार्यकर्ता सुनवाई शुरू कर दी हैं। पहले दिन आज डिप्टी सीएम प्रेमचंद बैरवा व ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने कार्यकर्ताओं की सुनवाई की। हालांकि कार्यकर्ताओं की संख्या काफी कम रही। दरअसल, बीजेपी ऑफिस से मंत्रियों की सुनवाई का शेड्यूल जारी नहीं हुआ था। ऐसे में कार्यकर्ताओं में असमंजस था कि आज कार्यकर्ता सुनवाई होगी या नहीं। वहीं बताया ये भी जा रहा है कि बैरवा को आनन-फानन में सुबह साढ़े 9 बजे फोन करके कार्यकर्ता सुनवाई करने के लिए कहा गया। वहीं उसके बाद मंत्री हीरालाल नागर को भी सुनवाई के लिए बुलाया गया। जनसुनवाई नहीं, केवल कार्यकर्ता सुनवाई
वसुंधरा राजे के दूसरे कार्यकाल में बीजेपी ऑफिस में मंत्रियों की जनसुनवाई कार्यक्रम की शुरुआत हुई थी। उस समय कार्यकर्ताओं के साथ आमजन की सुनवाई भी होती थी। इस बार बीजेपी ने इसे केवल कार्यकर्ताओं तक ही सीमित रखा हैं। उप मुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा ने कहा- मंत्री अपने आवास और सचिवालय में जनसुनवाई करते हैं लेकिन बीजेपी ऑफिस में केवल कार्यकर्ता सुनवाई होगी। जो भी कार्यकर्ता आएंगे, उन्हें संबंधित पदाधिकारी वेरिफाई करेंगे कि यह बीजेपी का कार्यकर्ता हैं। उसके बाद समस्या का मौके पर ही समाधान करने का प्रयास किया जाएगा। सोमवार से बुधवार को होगी कार्यकर्ता सुनवाई
बीजेपी प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच ने बताया- भारतीय जनता पार्टी में कार्यकर्ता सर्वोपरि है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी और उनकी आवश्यकताओं को समझते हुए 1 दिसंबर से प्रदेश कार्यालय में कार्यकर्ता सुनवाई प्रारंभ करने का निर्णय लिया है। सप्ताह में तीन दिन सोमवार, मंगलवार और बुधवार को दो मंत्री कार्यकर्ता सुनवाई करेंगे। पंजीयन के बाद प्राप्त परिवाद संबंधित मंत्री को भेजे जाएंगे और कार्यकर्ता की अनुशंसा पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान पार्टी पदाधिकारी भी उपस्थित रहेंगे।


