कानून मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा- सरकार मई-अप्रैल में फिर से ट्रांसफर से बैन हटा सकती है। सरकारी कर्मचारी भी हमारे अपने हैं और भाजपा सरकार के शासन में कर्मचारियों के तबादले पूरी पारदर्शिता के साथ किए गए हैं। पटेल ने कांग्रेस सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि प्रदेश के उस समय (कांग्रेस राज) के मुखिया ने अपने प्रदेश अध्यक्ष को लेकर नाकारा-निकम्मा जैसे शब्द काम में लिए। इतना ही नहीं उन्होंने शिक्षा मंत्री की मौजूदगी में आम शिक्षकों से पूछा कि क्या आप ट्रांसफर के लिए रिश्वत के पैसे देते हैं? इसका जवाब कांग्रेस को देना चाहिए। हमारी सरकार में किसी ने ट्रांसफर पर कोई आरोप नहीं लगाया है। पटेल सोमवार को जोधपुर में थे, इस दौरान उन्होंने मीडिया से मुलाकात की। बता दें कि राज्य स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह 2021 में अशोक गहलोत ने कहा था कि हम सुनते हैं कि तबादले के लिए कई बार पैसे खिलाने पड़ते हैं। पता नहीं, आप बताइए सही है या नहीं, मुझे नहीं मालूम। बैठे शिक्षकों की तरफ से आवाज आई- हां, देने पड़ते हैं। पटेल ने इसी मामले को जिक्र करते हुए बिना नाम लिए अशोक गहलोत पर हमला बोला। कांग्रेस ने सिर्फ वाहवाही लूटने का काम किया जोगाराम पटेल ने कहा- कांग्रेस सरकार हमारी सरकार पर सवाल उठा रही है। लेकिन, हमारी सरकार ने बजट घोषणाओं को धरातल पर लाने का काम किया है। बजट को लेकर वित्तीय स्वीकृतियां जारी हो चुकी हैं। अंग्रेजी माध्यम स्कूलों को बंद करने के सवाल पर कानून मंत्री ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने अंग्रेजी मीडियम स्कूल खोले, लेकिन शिक्षकों की भर्ती नहीं की। जबकि प्रारंभिक स्तर से ही अंग्रेजी माध्यम के स्कूल को खोलना चाहिए था। लेकिन, कांग्रेस ने सिर्फ चुनाव के समय वाहवाही लूटने के लिए ही इन्हें शुरू किया। समीक्षा से कांग्रेसी डरे हुए जोगाराम पटेल ने कहा- इतना ही नहीं पहले से ही चल रहे हिंदी मीडियम के स्कूलों पर अंग्रेजी मीडियम के बोर्ड लगा दिए गए। इसको लेकर जब हमने जांच करवाई तो 287 विद्यालय प्रदेश में ऐसे पाए गए जिनमें जीरो नामांकन था या 10 से कम नामांकन थे। क्या ऐसे विद्यालय चलने चाहिए थे, लेकिन कांग्रेस ने इस तरफ कभी ध्यान नहीं दिया। इसकी समीक्षा की जा रही है। इसको लेकर कांग्रेसी डरे हुए हैं। इसके साथ उन्होंने कहा कि कांग्रेस अंतर्कलह से भरी हुई है। कांग्रेस ने नकल माफिया को पनपाया, हमने SIT बनाकर खत्म किया राइजिंग राजस्थान को लेकर कानून मंत्री ने कहा कि पहली बार विश्व स्तर का कार्यक्रम हुआ। जिसकी क्रियान्विति भी धरातल पर आ चुकी है। कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने पेपर माफिया नकल माफिया को पनपाया। लेकिन, हमारी सरकार ने SIT गठित कर उन्हें खत्म करने का काम किया। पूर्व सीएम के बयान की ये खबर भी पढ़ें… राजस्थान के CM का टीचर्स से सवाल:गहलोत ने पूछा- तबादले के लिए पैसे खिलाने पड़ते हैं; शिक्षकों ने कहा- हां, देने पड़ते हैं राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मंगलवार को खुद ही शिक्षकों के तबादले में पैसों के लेन-देन का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा- हम सुनते हैं कि तबादले के लिए कई बार पैसे खिलाने पड़ते हैं। पता नहीं, आप बताइए सही है या नहीं, मुझे नहीं मालूम। राज्य स्तरीय शिक्षक सम्मान समारोह में बैठे शिक्षकों की तरफ से आवाज आई- हां, देने पड़ते हैं। (पढ़ें पूरी खबर)


