पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए पाथरोली क्षेत्र से एक संदिग्ध बैंक खाताधारक को गिरफ्तार किया है, जिसके खाते के माध्यम से लाखों की साइबर ठगी के ट्रांजैक्शन होने का संदेह है। पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब साइबर अपराध पोर्टल पर ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी से संबंधित एक शिकायत दर्ज की गई। पुलिस द्वारा जब इस शिकायत की तकनीकी जांच और बैंक स्टेटमेंट का विश्लेषण किया गया, तो पाथरोली निवासी मोहित पुत्र सुरेश का बैंक खाता रडार पर आया। साइबर सेल के इनपुट ने पुष्टि की कि इस खाते का उपयोग ठगी की राशि को इधर-उधर करने (मनी लॉन्ड्रिंग) के लिए किया जा रहा था। थानाधिकारी बनवारीलाल के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने साक्ष्यों के आधार पर पाथरोली में दबिश दी। पुलिस ने आरोपी मोहित (22 वर्ष) को हिरासत में लेकर पूछताछ की। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी पुलिस को गुमराह करने लगा और वित्तीय लेनदेन के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दे पाया। जांच में बाधा डालने और संदिग्ध आचरण के चलते पुलिस ने आरोपी को धारा 151 (शांतिभंग) के तहत गिरफ्तार कर लिया है।


