डीग जिले के कामां इलाके के गांव अकाता में साइबर ठगी के खिलाफ एक पंचायत आयोजित की गई। इसमें गांव के करीब 200 लोगों ने भाग लिया। पंचायत के दौरान 60 सदस्यों की कमेटी बनाई गई। यह साइबर ठगी करने वाले लोगों पर नजर बनाएगी और उनकी सूचना पुलिस को देगी। इसके अलावा अगर साइबर ठगों की लोकेशन गांव में आती है तो ग्रामीण और कमेटी उसे खुद पुलिस के हवाले करेंगे। एडिशनल एसपी महेश मीणा ने बताया- अकाता गांव में साइबर ठगी के खिलाफ पंचायत आयोजित की गई है। पंचायत में सीओ धर्मराज चौधरी, कामां थाना अधिकारी अंतुलाल, धिलावटी चौकी इंचार्ज सुखदेव सिंह भी मौजूद थे। पंचायत में साइबर ठगी नहीं करने को लेकर समझाइश की गई। कमेटी के हर व्यक्ति को 5 घरों की जिम्मेदारी दी गई है। हर व्यक्ति 5 घरों पर नजर रखेगा और अगर उसमें से कोई भी व्यक्ति साइबर ठगी करता हुआ पाया गया तो इसकी सूचना कमेटी का सदस्य पुलिस को देगा। इसके अलावा पंचायत में यह तय हुआ कि अगर किसी भी साइबर ठग की लोकेशन अकाता गांव में आती है तो, गांव के लोग और कमेटी के सदस्य उसे पुलिस के हवाले करेंगे। पंचायत में माजिद लोगों ने साइबर ठगी नहीं करने और साइबर ठगों का साथ नहीं देने की बात भी कही।


