प्रतापगढ़ जिले के रायपुर जंगल क्षेत्र में स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल सिंघाड़े का खेड़ा को निदेशालय द्वारा असुरक्षित घोषित कर दिया गया है। लंबे समय से जर्जर स्थिति में होने के कारण इसे राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल रिछड़ी में स्थानांतरित कर दिया गया है। इस निर्णय से स्थानीय ग्रामीणों में गहरा रोष है और वे स्कूल को पुनः उसी स्थान पर संचालित करने की मांग कर रहे हैं। ग्राम पंचायत रायपुर जंगल ने जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन भेजा है। इसमें बताया गया है कि स्कूल के दो परिसरों में से केवल पूर्व दिशा का भवन जर्जर है, जिसमें दो कमरे और कार्यालय उपयोग योग्य नहीं हैं। वहीं, पश्चिम दिशा का भवन पूरी तरह सुरक्षित है, जिसमें तीन कमरे और एक बरामदा कक्षाओं के संचालन के लिए उपयोग किए जा रहे थे। बच्चों को रीछड़ी जाना पड़ रहा
ग्रामीणों का तर्क है कि सुरक्षित भवन उपलब्ध होने के बावजूद पूरे स्कूल को जर्जर घोषित कर स्थानांतरित करना बच्चों के हित में नहीं है। शिफ्टिंग के बाद छोटे बच्चों को रोजाना रीछड़ी तक जाना पड़ रहा है, जिससे आवागमन में कठिनाई, सुरक्षा जोखिम और पढ़ाई में बाधा जैसी समस्यां उत्पन्न हो गई हैं। इसके अलावा, जिस स्कूल में कक्षाएं स्थानांतरित की गई हैं, वहां भी केवल तीन कमरे ही सुरक्षित हैं। जबकि कक्षा 1 से 12 तक की सभी कक्षाएं वहीं संचालित हो रही हैं, जिससे छात्रों की बैठक व्यवस्था प्रभावित हुई है। ग्रामीणों, पूर्व सरपंचों और पंचायत प्रतिनिधियों ने जिला कलेक्टर से आग्रह किया है कि स्कूल को उसके मूल स्थान पर स्थित सुरक्षित भवन में यथावत संचालित करने की अनुमति दी जाए।


