सांसद एवं केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की चिंता के बाद जिला प्रशासन शिवपुरी की झीलों और वेटलैंड्स की बिगड़ती स्थिति सुधारने के लिए सक्रिय हो गया है। हाल ही में दिशा समिति की बैठक में सिंधिया ने ठोस प्लान तैयार करने के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में शनिवार को कलेक्टर रवीन्द्र कुमार चौधरी की अध्यक्षता में जिला वेटलैंड संरक्षण समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में हुई। यह बैठक उच्च न्यायालय खंडपीठ ग्वालियर के आदेश के अनुपालन में बुलाई गई थी। इसमें चांदपाठा, सांख्य सागर सहित जिले के प्रमुख जलस्रोतों की सफाई, संरक्षण और सुधार को लेकर अहम निर्णय लिए गए। कलेक्टर ने चांदपाठा एवं सांख्य सागर झील में ठोस कचरा और जलकुंभी के प्रवेश को रोकने के लिए लगाए गए जालियों एवं चैंबरों की नियमित सफाई के लिए कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय करने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया कि नालों के माध्यम से गंदगी जाधव सागर और करबला क्षेत्र से होते हुए सांख्य सागर व चांदपाठा झील में पहुंच रही है। करबला क्षेत्र, जहां ताजिए विसर्जित किए जाते हैं, वहां जलकुंभी हटाने के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। नगर पालिका शिवपुरी को इस कार्य में माधव नेशनल पार्क प्रबंधन से सहयोग लेने को कहा गया है। प्रतिदिन प्रगति रिपोर्ट देने के निर्देश
नगर पालिका शिवपुरी के उपयंत्री राकेश धाकड़ को करबला क्षेत्र में सफाई कार्य 15 दिनों में पूरा करने और प्रतिदिन प्रगति रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए। वहीं, माधव टाइगर रिजर्व को माधव लेक पर जलकुंभी हटाने का कार्य 15 मार्च तक पूरा करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए हैं। इसके अतिरिक्त, सांख्य सागर बांध की मरम्मत एवं सुधार के लिए 80 करोड़ रुपए की कार्ययोजना शासन को भेजी जा चुकी है। इस पर शीघ्र स्वीकृति के लिए राज्य स्तर पर समन्वय करने के निर्देश भी दिए गए। पुरानी शिवपुरी में आइस फैक्ट्री के पास नाला टेपिंग क्षेत्र की साफ-सफाई, घरों के सीवर को नालों में मिलने से रोकने और जलस्रोतों के आसपास अतिक्रमण हटाने के निर्देश भी जारी किए गए। अन्य जलाशयों में जलकुंभी व गंदगी की तत्काल सफाई सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। बैठक में अशा. सदस्य प्रमोद भार्गव, आलोक एम. इंदौरिया, पर्यावरणविद जितेन्द्र सिंह तोमर सहित सीईओ जिला पंचायत विजय राज, माधव नेशनल पार्क के उपसंचालक हरिओम, ईई पीएचई डी. शुभम अग्रवाल, ईई डब्ल्यूआरडी विनोद शर्मा, सहायक परियोजना अधिकारी डूडा सौरभ गौड़ सहित जिला वेटलैण्ड संरक्षण समिति के सदस्य और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।


