भास्कर न्यूज | छतरपुर प्रखंड के सिलदाग पंचायत सचिवालय में किसान गोष्ठी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में किसानों को उन्नत कृषि तकनीकों, जैविक कीट नियंत्रण विधियों एवं सतत कृषि विकास की जानकारी दी गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुखिया उमेश यादव ने किया। बीटीएम संजय कुमार ने एकीकृत नाशीजीव प्रबंधन (आईपीएम) के महत्व, सिद्धांतों और इसके विभिन्न आयामों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने किसानों को विभिन्न फसलों में कीट व्याधियों की पहचान करने, उनके प्रभावी नियंत्रण के उपायों और जैविक तथा यांत्रिक विधियों से कीट प्रबंधन करने के तरीकों की जानकारी दी। जिससे वे रासायनिक कीटनाशकों पर निर्भरता कम कर प्राकृतिक व टिकाऊ खेती की ओर बढ़ सकें। बताया गया कि कौन से कीट फसलों के किए लाभदायक होते हैं और किन कीटों से फसलों को नुकसान होता है। ऐसे कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़कर उनकी उत्पादन क्षमता और आय में वृद्धि करना है। मौके पर क्षेत्र परिचालक (पौधा संरक्षण) अरुण प्रजापति, एग्रीक्लिनिक कॉर्डिनेटर प्रशांत पटेल, किसान मित्र कृष्णा साव, अशोक यादव, विनोद यादव, कृष्णा सिंह, डॉ अखिलेश, संदीप सिंह, महेंद्र यादव, उषा देवी, अनरवा देवी, पूजा देवी सहित अन्य किसान उपस्थित रहे।


