लीगल रिपोर्टर| बिलासपुर हाई कोर्ट में कार्यरत न्यायिक कर्मचारियों की आवासीय समस्या दूर करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। हाई कोर्ट आवासीय परिसर, सेक्टर-2, बोदरी, बिलासपुर में नवनिर्मित आवासगृहों का लोकार्पण रविवार को चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा ने किया। इस दौरान उन्होंने संबंधित कर्मचारियों को आवास की चाबी भी सौंपी । इस मौके पर सीजे सिन्हा ने इसे केवल लोकार्पण समारोह नहीं, बल्कि खुशी की एक उजली किरण जोड़ने का प्रयास बताया। उन्होंने कहा कि यह आवासीय परिसर उन कर्मचारियों की मेहनत का सम्मान है , जो पर्दे के पीछे रहकर बिना किसी प्रशंसा की अपेक्षा के न्यायिक व्यवस्था को सुचारु रूप से चलाने में मौन योगदान देते रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी संस्थान की वास्तविक शक्ति उनके कर्मचारी होते हैं। जब कर्मचारी सुखी व संतुष्ट होते हैं, तभी वे पूरे मनोयोग से अपने कर्तव्यों का निर्वहन कर पाते हैं । इन आधुनिक और सुविधाजनक आवासों से कर्मचारियों की आवास समस्या दूर होगी। लोकार्पण कार्यक्रम में जस्टिस पार्थ प्रतीम साहू, जस्टिस रजनी दुबे, जस्टिस नरेन्द्र कुमार व्यास सहित कई अन्य जज, रजिस्ट्रार जनरल, रजिस्ट्री के अधिकारी- कर्मचारी सहित अन्य मौजूद थे। इससे पहले 5 सितंबर 2025 को भी हाई कोर्ट आवासीय परिसर में H-टाइप के 80 मकान न्यायालयीन कर्मचारियों को दिए गए थे। 7 ब्लॉकों में कुल 112 आवासीय इकाइयों का निर्माण किया गया है, जिनमें हर ब्लॉक में 16 यूनिट हैं। हर आवास में 1 बेडरूम, किचन, मल्टीपरपज/यूटिलिटी रूम और 2 प्रसाधन कक्ष हैं। लोकार्पण समारोह के दौरान सीजे सिन्हा ने कार्यक्रम स्थल पर मौजूद एक कर्मचारी की वृद्ध दादी को मंच पर आमंत्रित कर पौधा भेंट किया और उन्हें सम्मानित किया । उन्होंने दादी से अनुरोध किया कि वह नवनिर्मित आवास में निवास करने वाले सभी परिवारों को सुखद एवं खुशहाल जीवन के लिए आशीर्वाद दें।


