सीधी जिले के रामपुर नैकिन स्थित शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय शंकरपुर में बुधवार को उस समय हंगामा हो गया, जब एक शिक्षक पर युवक को बंधक बनाने और उन्हें झूठे केस में फंसाने की धमकी देने का आरोप लगा। आरोप है कि प्रभारी शिक्षक शिव प्रसाद साकेत ने स्कूल की अव्यवस्थाओं पर और लेट आने के सवाल पूछे जाने पर यह कदम उठाया। जानकारी के मुताबिक, तेज बहादुर सिंह नाम के युवक को शिकायत मिली थी कि स्कूल में शिक्षक समय पर नहीं आते और बच्चे बाहर घूमते रहते हैं। जब वह इसकी जांच करने स्कूल पहुंचा और शिक्षक से सवाल किया, तो प्रभारी शिक्षक भड़क गए। आरोप है कि शिक्षक ने उन्हें ऑफिस के अंदर बुलाकर दरवाजा बंद कर लिया और हरिजन एक्ट में फंसाने की धमकी दी। अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद खुला दरवाजा खुद को कमरे में बंद पाकर युवक ने अंदर से ही जिला शिक्षा अधिकारी (DEO), ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (BEO) और संकुल प्राचार्य को फोन कर पूरी बात बताई। उच्चाधिकारियों को सूचना मिलने के बाद ही कमरे का दरवाजा खोला गया। इस दौरान शिक्षक का व्यवहार काफी आक्रामक रहा और उन्होंने यहां तक कह दिया कि “मेरे स्कूल में कोई नहीं आ सकता।” लापरवाही और अनुपस्थिति के पुराने आरोप ग्रामीणों का कहना है कि प्रभारी शिक्षक अक्सर स्कूल से गायब रहते हैं और सिर्फ ऑनलाइन हाजिरी लगाकर चले जाते हैं। हाल ही में 17 जनवरी को भी जब शिक्षा विभाग की टीम जांच के लिए आई थी, तब भी शिक्षक अनुपस्थित थे। इससे पहले भी वे मीडियाकर्मियों से बदतमीजी के मामले में नोटिस पा चुके हैं। मामले की जांच के निर्देश घटनाक्रम पर जिला शिक्षा अधिकारी पवन सिंह ने बताया कि उन्हें मामले की मौखिक जानकारी मिली है। उन्होंने ब्लॉक शिक्षा अधिकारी को पूरे मामले की जांच करने के निर्देश दिए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।


