सीधी की कुसमी तहसील में पटवारी विनोद कुमार दीवान को निलंबित कर दिया गया है। उन पर शराब के नशे में कार्यालय पहुंचने, शासकीय कार्यों में लापरवाही और अमर्यादित आचरण का आरोप है। दरअसल, मामला 5 जनवरी का है। एसडीएम कुसमी की ओर से साप्ताहिक राजस्व समीक्षा बैठक हुई। पटवारी दीवान बिना किसी पूर्व सूचना के इस बैठक से अनुपस्थित रहे। राजस्व निरीक्षक मंडल की ओर से संपर्क करने पर उन्होंने निजी कार्य से बाहर होने की बात कही। शराब पीकर एसडीएम कार्यालय पहुंचे थे पटवारी हालांकि, बैठक समाप्त होने के लगभग चार घंटे बाद दोपहर करीब 4 बजे पटवारी एसडीएम कार्यालय पहुंचे। वहां उन्होंने स्वयं शराब का सेवन किए जाने की बात स्वीकार की। एसडीएम, नायब तहसीलदार और कार्यालयीन स्टाफ की उपस्थिति में यह आचरण शासकीय सेवा नियमों के पूर्णतः विपरीत पाया गया, जिससे कार्यालय की गरिमा को ठेस पहुंची। काम में भी लापरवाही बरत रहा था पटवारी जांच में यह भी सामने आया कि पटवारी की ओर से सीएम हेल्पलाइन में दर्ज शिकायतों के निराकरण में लगातार उदासीनता बरती जा रही थी। कई मामलों में न तो संतोषजनक जवाब दिया गया और न ही समय-सीमा के भीतर शिकायतों का समाधान किया गया, जिससे आम नागरिकों को लंबे समय तक परेशानी का सामना करना पड़ा। पूर्व में जारी कई नोटिसों के बावजूद नहीं हुआ सुधार फार्मर रजिस्ट्री के कार्य में भी गंभीर लापरवाही उजागर हुई। खरबर हल्का में 486 में से केवल 227 किसानों का ही पंजीकरण हुआ था, जबकि चिनगवाह हल्का में 1033 किसानों में से महज 221 का ही पंजीकरण किया गया। पूर्व में जारी कई नोटिसों के बावजूद सुधार न होने पर प्रशासन ने यह कड़ा कदम उठाया है। निलंबन अवधि में पटवारी का मुख्यालय तहसील कुसमी निर्धारित किया गया है।


