खरगोन जिले के सुखपुरी गांव में अवैध शराब की बिक्री के खिलाफ 200 से अधिक महिलाओं ने शुक्रवार को जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। महिलाओं ने ग्रामसभा में शराबबंदी का प्रस्ताव पारित करने के बाद यह कदम उठाया। प्रदर्शनकारी महिलाएं एसपी कार्यालय, जिला पंचायत, आबकारी विभाग और कलेक्ट्रेट पहुंचीं, जहां उन्होंने नारेबाजी करते हुए अवैध शराब बिक्री बंद करने की मांग की। संयुक्त कलेक्टर हेमलता सोलंकी ने महिलाओं की बात सुनी और उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। आंगनबाड़ी सहायिका रेखा मंडलोई ने बताया कि गांव में जगह-जगह कच्ची-पक्की अवैध शराब बेची जा रही है। शराबियों द्वारा महिलाओं के साथ गाली-गलौच और मारपीट की घटनाएं बढ़ गई हैं, जिससे बच्चों की पढ़ाई और उनका भविष्य प्रभावित हो रहा है। पूर्व सरपंच धर्मेंद्र मंडलोई के अनुसार, सुखपुरी गांव में 20 से अधिक स्थानों पर अवैध शराब बिक रही है। उन्होंने बताया कि 26 जनवरी को ग्रामसभा में सर्वसम्मति से शराबबंदी का निर्णय लिया गया था और इस संबंध में एक प्रस्ताव भी पारित किया गया था। महिलाओं ने यह भी बताया कि वे मजदूरी करके घर चलाती हैं, लेकिन शराबी पति घर का अनाज बेचकर शराब पी जाते हैं। इससे बच्चों की शिक्षा बुरी तरह प्रभावित हो रही है और परिवार आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं।


