जोधपुर | सूर्यनगरी में भगवान सूर्यनारायण का मंदिर बनाने में जुटे समाजसेवी और निगम के नेता प्रतिपक्ष भंवरलाल सांखला (76) का रविवार को निधन हो गया। वे पिछले 15 दिन से बीमार थे। हालांकि वे ठीक भी हुए, लेकिन दो दिन पहले हार्ट में प्रॉब्लम हुई तो निजी अस्पताल में भर्ती करवाया, जहां रविवार दोपहर करीब ढाई बजे उनका निधन हो गया। सांखला कहते थे कि सूर्यनगरी जोधपुर में सूर्यनारायण का मंदिर नहीं होना दुर्भाग्यपूर्ण है। इसी उद्देश्य के साथ ही उन्होंने मंदिर बनाने के लिए पहल की। भामाशाहों व शहरवासियों से फंड एकत्रित करते हुए करोड़ों की लागत से मंदिर का निर्माण शुरू करवाया, जो अब 90% तक पूरा हो चुका है। 15 साल पहले मंदिर बनवाना किया था शुरू भंवरलाल सांखला के भतीजे महेश सांखला ने बताया कि ताऊजी की बैकुंठ यात्रा को मंदिर परिसर से होते हुए मोक्ष स्थल तक लेकर गए। मंदिर के सामने भी देह को दर्शन करवाया। बता दें कि सांखला ने 2002 में समिति बनाकर पाल के डालीबाई मंदिर चौराहे के पास यूआईटी से जमीन मांगी थी। 2008 में यूआईटी ने साढ़े 3 बीघा जमीन दी। 25 नवंबर 2010 को निर्माण शुरू हुआ। मंदिर में 7 घोड़ों पर भगवान सूर्य की 4.5 फीट की प्रतिमा, भगवती, विष्णु, शंकर परिवार व प्रवेश द्वार पर शनि और हनुमान की प्रतिमा स्थापित होनी है। नेता प्रतिपक्ष रहे नरपतसिंह का देहांत…भाजपा जिलाध्यक्ष व नेता प्रतिपक्ष रहे नरपतसिंह का भी सोमवार को निधन हो गया। अंतिम यात्रा सोमवार मोहनपुरा पुलिया निवास से कागा श्मशान पहुंची। उन्होंने निगम में कई मुद्दों पर दबंगता से जनता के काम करवाए थे। सांखला की मंदिर परिसर से बैकुंठ यात्रा निकाली गई।


