स्वच्छता सर्वेक्षण टीम राजस्थान में प्रवेश कर गई है। संभवत: मार्च के पहले सप्ताह में जयपुर पहुंचेगी। उधर, स्वच्छता सर्वेक्षण के लिए सिटीजन फीडबैक में शहर से अब तक सिर्फ 1100 लोगों ने ही ऑनलाइन सिटीजन फीडबैक भरा है। शहरी विकास मंत्रालय ने फीडबैक के लिए 7 दिन पहले पोर्टल पर विंडो ओपन कर दी है, जो 31 मार्च तक ओपन रहेगी। करीब 12 लाख लोगों को यह फीडबैक देना है। 2023 में 80 हजार तो 2022 में 75 हजार ने ही फीडबैक दिया था। सर्वेक्षण-2024 के आकलन के लिए शहरी मंत्रालय ने 12500 अंक रखे हैं। इसमें से 500 अंक सिटीजन फीडबैक के रहेंगे। दो निगम बनने के बाद से टॉप-30 से बाहर जयपुर; 2023 के सर्वेक्षण में आकलन 9500 अंकों के आधार पर किया था, जबकि 2022 तक ये आकलन 7500 अंक का किया गया। जयपुर की बात करें तो 2017 में 215वीं, 2018 में 39वीं, 2019 में 44वीं और 2020 में 28वीं रैंक हासिल की थी। लेकिन दो निगम बनने के बाद से टॉप-30 से बाहर हैं। घर-दुकान से कचरा उठाने, नियमित झाड़ू लगाने सहित 10 सवालों पर देना है फीडबैक


