जबलपुर में युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रयागराज माघ मेले में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के अपमान के विरोध में प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने मालवीय चौक से लॉर्डगंज तक मशाल जुलूस निकाला और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ नारेबाजी की। यह विरोध प्रदर्शन प्रयागराज माघ मेले के दौरान हुई एक घटना से जुड़ा है। मौनी अमावस्या के दिन प्रशासन ने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को आगे बढ़ने से रोक दिया था, जिसके बाद विवाद उत्पन्न हो गया। इस घटना के विरोध में शंकराचार्य धरने पर बैठ गए थे। मेला प्राधिकरण ने शंकराचार्य के शिविर में लगे उस बोर्ड पर भी आपत्ति जताई थी, जिसमें उन्हें “ज्योतिष पीठ का शंकराचार्य” लिखा गया था। इस पूरे घटनाक्रम को लेकर कांग्रेस ने योगी सरकार पर संत समाज के प्रति दोहरी नीति अपनाने का आरोप लगाया है। मशाल प्रदर्शन के दौरान युवा कांग्रेस नेताओं ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार के अधिकारियों और मेला प्रशासन द्वारा शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद का अपमान किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार एक ओर संतों के सम्मान की बात करती है, वहीं दूसरी ओर संत समाज के साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार किया जा रहा है। इस प्रदर्शन में कांग्रेस नगर अध्यक्ष सौरभ शर्मा, अमरीश, जितिन राज, सोनू कुकरेले सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।


