हरदा कलेक्ट्रेट में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई के दौरान टिमरनी तहसील के ग्राम नौसर के पचास से अधिक परिवारों ने बिजली के भारी-भरकम बिलों को लेकर शिकायत दर्ज कराई। ग्रामीणों का आरोप है कि उनके घरों में बिजली के मीटर तक नहीं लगे हैं, इसके बावजूद उन्हें अनाप-शनाप बिल थमाए जा रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि वे मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं। पिछले एक से दो महीनों से लगातार एक हजार रुपए से अधिक के बिजली बिल आने से उनकी आर्थिक स्थिति बिगड़ गई है। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री के उस बयान का हवाला दिया, जिसमें हर परिवार का बिजली बिल 100 रुपए आने की बात कही गई थी। ग्रामीणों का कहना है कि वे इतने अधिक बिल चुकाने में असमर्थ हैं, इसलिए उनके बिल माफ किए जाएं। सरचार्ज की राशि माफ कर रहे हैं बिजली कंपनी के उप महाप्रबंधक संजय यादव ने बताया कि वर्तमान में ‘समाधान योजना’ लागू है, जिसके तहत सरचार्ज की राशि माफ की जा रही है। उन्होंने कहा कि जिन उपभोक्ताओं ने बिजली का उपयोग किया है, उन्हें समय पर बिल जमा करना चाहिए। उनके अनुसार कई उपभोक्ता बिजली का उपयोग करने के बावजूद बिल भुगतान से बचते हैं। उप महाप्रबंधक ने यह भी बताया कि सोमवार को बिल जमा नहीं करने वाले उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे गए थे। इसी के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण जनसुनवाई में पहुंचे। उन्होंने आश्वासन दिया कि बुधवार को ग्राम नौसर में शिविर आयोजित कर उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान किया जाएगा।


