हरदा जिला मुख्यालय के स्वामी विवेकानंद शासकीय कॉलेज में शनिवार शाम ABVP कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। प्रभारी प्राचार्य डॉ. संगीता बिले को हटाने की मांग को लेकर कार्यकर्ताओं ने उनके कमरे के बाहर ताला लगा दिया और धरने पर बैठ गए। सूचना मिलने पर तहसीलदार राजेंद्र पंवार और एसडीएम अशोक डेहरिया मौके पर पहुंचे। उन्होंने छात्रों और प्राचार्य से अलग-अलग बात कर मामला शांत कराने की कोशिश की, लेकिन कार्यकर्ता अपनी मांग पर अड़े रहे। ABVP के नगर मंत्री शुभम ढोके ने बताया कि पिछले छह महीने से कॉलेज में मूलभूत सुविधाओं की कमी को लेकर प्राचार्य को ज्ञापन दिए जा रहे थे। इनमें कमरों की सफाई, स्वच्छ पेयजल, छात्राओं के लिए सेनेटरी मशीन और स्टाफ के समय पर आने की मांगें शामिल थीं। ढोके का आरोप है कि जब कमियों को लेकर प्राचार्य से चर्चा की गई तो उन्होंने अभद्र व्यवहार किया। कोई समाधान न होने पर मजबूरन धरना देना पड़ा। मंत्री के निरीक्षण के बाद से चल रही तनातनी सूत्रों के अनुसार, हाल ही में उच्च शिक्षा मंत्री इंदरसिंह परमार ने कॉलेज का निरीक्षण किया था। लाइब्रेरी में अव्यवस्थाएं मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई थी, जिसके बाद जेडी कार्यालय से ग्रंथपाल को नोटिस जारी किया गया था। बताया जा रहा है कि प्राचार्य बिले और ग्रंथपाल के बीच इसी बात को लेकर तनातनी चल रही है। इस धरने को उसी विवाद से जोड़कर देखा जा रहा है। हटाने की मांग पर चर्चा जारी एसडीएम अशोक डेहरिया ने बताया कि ABVP कार्यकर्ताओं ने प्राचार्य को हटाने की मांग की है, जिस पर चर्चा जारी है। अभी तक कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। प्रभारी प्राचार्य डॉ. संगीता बिले ने कहा कि वे व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरे प्रयास कर रही हैं। उन्होंने किसी राजनीतिक षड्यंत्र की संभावना से इनकार नहीं किया, लेकिन अधिक टिप्पणी करने से मना कर दिया।


