1.40 करोड़, अब सभी कैंपस में एंटी-ड्रग सेल

रांची विश्वविद्यालय में (सत्र 2025-26) स्पोर्ट्स और कल्चरल एक्टिविटी के लिए 1.40 करोड़ रुपए का बजट तैयार कर लिया गया है, जिसे स्वीकृति के लिए राजभवन भेजा जाएगा। मंगलवार को रांची विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) धर्मेंद्र कुमार सिंह की अध्यक्षता में स्पोर्ट्स एंड कल्चरल कंट्रोल बोर्ड की एक महत्वपूर्ण बैठक में यह निर्णय लिया गया। इसके अलावा इस शैक्षणिक सत्र में आयोजित होने वाले स्पोर्ट्स और कल्चरल एक्टिविटी के कैलेंडर के प्रारुप को सहमति प्रदान कर दी गई। प्रभारी वीसी ने कहा कि यह राज्य खेलों और संस्कृति के प्रति अपने जुनून के लिए जाना जाता है। उन्होंने महेंद्र सिंह धोनी और सिल्वानुस डुंगडुंग जैसे दिग्गजों का उदाहरण देते हुए कहा कि यहां की मिट्टी से संगीत और खेल की खुशबू आती है। सफलता केवल क्लास रूम की डिग्री से नहीं मिलती, बल्कि इसके लिए शारीरिक रूप से फिट होना भी जरूरी है। बैठक में वीसी के अलावा डीएसडब्ल्यू डॉ सुदेश कुमार साहू, रजिस्ट्रार डॉ जीसी साहू, डीआर डॉ प्रीतम कुमार, परीक्षा नियंत्रक संजय कुमार सिंह, एफओ डॉ दिलीप साहू, प्रो. अशोक कुमार सिंह, डॉ अरुण कुमार सिंह समेत अन्य सदस्य थे। युवाओं को खेल से जोड़ना राज्य के युवाओं को विभिन्न खेलों की ओर आकर्षित करने और उनके जुनून को बढ़ाने के लिए प्रयास करना। इसके लिए विश्वविद्यालय स्तर पर स्पोर्ट्स इवेंट आयोजित किए जा सकते हैं। इनोवेशन और स्टार्टअप इनोवेशन और स्टार्टअप क्लबों का विकास करना, विवि में साइंस एग्जीबिशन के लिए सीड ग्रांट का प्रावधान। इससे छात्र कल्चरल इवेंट में भी हिस्सा ले सकेंगे। इवेंट किस कॉलेज को मिली जिम्मेवारी हॉकी (पुरुष और महिला) बिरसा कॉलेज, खूंटी फुटबॉल बेड़ो कॉलेज, गुमला क्रिकेट (महिला) के.ओ. कॉलेज, गुमला वॉलीबॉल, टेबल टेनिस, कराटे डोरंडा कॉलेज, रांची कबड्डी (महिला) जेवियर कॉलेज, रांची तीरंदाजी सिल्ली कॉलेज बैडमिंटन निर्मला कॉलेज, रांची पावर लिफ्टिंग/ कुश्ती मारवाड़ी कॉलेज योग पीजी आरयू बास्केटबॉल जेवियर कॉलेज, रांची हैंडबॉल केसीबी वीमेंस कॉलेज, गुमला शूटिंग बिरसा कॉलेज, खूंटी तैराकी खेलगांव, रांची टीम में बदलाव खेल सलाहकारों की टीम में केवल प्राचार्यों को ही नहीं, खेल प्रशिक्षकों को भी शामिल करना। इससे विवि के छात्रों को उचित समय पर सही और सुदृढ़ मार्गदर्शन मिलेगा। स्पोर्ट्स और कल्चरल एक्टिविटी के बजट को पारदर्शी व जवाबदेह बनाना। विश्वविद्यालयों में इंफ्रास्ट्रक्चर पर खर्च बढ़ाना, ताकि छात्रों को सही गाइडलाइन मिले। एंटी-ड्रग सेल सभी विश्वविद्यालयों कैंपस में एंटी-ड्रग सेल का गठन करना और डोपिंग के प्रति जागरूकता पर ध्यान केंद्रित करना। इसका उद्देश्य छात्रों को नशे की लत से दूर रखना है। खेल प्रोत्साहन जिन खेलों में विश्वविद्यालय अच्छा प्रदर्शन करता है, उनके लिए बजट और प्रशिक्षण बढ़ाना। इससे वहां के छात्रों को खेलों में विशेष प्रोत्साहन मिलेगा। स्पोर्ट्स में राज्य का नाम भी ऊंचा होगा। स्पोर्ट्स एंड कल्चरल बोर्ड की बैठक में उपस्थित अधिकारीगण।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *