अलवर शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र के केंद्रीय बस स्टैंड के बाहर बुधवार शाम अज्ञात बदमाशों ने एक महिला के हाथों के सोने के कड़े, दो चैन, दो अंगूठी सहित अन्य जेवरात उतरवाकर ठगी की वारदात को अंजाम दिया। ठग करीब 14 लाख रुपए के सोने के जेवर लेकर फरार हो गए। पीड़ित महिला उर्मिला खंडेलवाल, जो अलवर शहर के स्कीम नंबर–2 की निवासी हैं, जयपुर में शादी समारोह में शामिल होकर राजस्थान रोडवेज बस से अलवर पहुंचीं। उनके साथ बस में एक सवारी भी थी जिसे भगतसिंह चौराहे तक जाना था। जैसे ही वे बस स्टैंड से बाहर निकलीं, एक व्यक्ति ने उन्हें रोककर कहा कि अलवर में चोरी की वारदातें बहुत बढ़ गई हैं, इसलिए अपने सोने के कड़े, चैन और अंगूठियां एक लिफाफे में रख लें। महिला उसके झांसे में आ गईं और अपने जेवर उस लिफ़ाफ़े में रखकर व्यक्ति को सौंप दिए। ठग खुद को उसी रिक्शे में जाने वाला बता रहा था, लेकिन वह रिक्शे में नहीं बैठा और मौके से गायब हो गया। काफी देर इंतज़ार करने के बाद महिला ऑटो लेकर घर पहुंचीं और बेटे को पूरी बात बताई। जब बेटे प्रदीप खंडेलवाल ने लिफाफा खोला तो उसमें प्लास्टिक की चूड़ियां निकलीं। तब परिवार को ठगी का पता चला। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच में आरोपियों के त्रिपोलिया तक जाने की पुष्टि हुई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़िता के बेटे प्रदीप ने बताया कि मां बस से उतरी ही थीं कि दो लोगों ने उन्हें गुमराह कर 14 लाख के सोने के जेवर ठग लिए। जब लिफाफा खोला तो उसमें प्लास्टिक की चूड़ियां निकलीं। हमने तुरंत पुलिस को सूचना दी है।” पीड़िता उर्मिला ने बताया कि उन्होंने कहा कि यहां चोरी की वारदातें बहुत हो रही हैं, जेवर लिफाफे में रख लो। मैं उनके झांसे में आ गई। घर पहुंचकर लिफाफा खोला तो सब नकली निकला। मुझे अब महसूस हो रहा है कि मैं ठगी का शिकार हो गई।”


