भास्कर न्यूज|अमृतसर लोकल बाडी ने सूबे भर से 16 इंस्पेक्टरों का प्रमोशन सुपरिंटेंडेंट ग्रेड-2 के पद पर करने का आदेश जारी किया है। यह लिस्ट सामने आने के बाद अमृतसर निगम में किस तरह से सीट आबंटन का खेल अंदरखाते चल रहा इसकी पोल खुली है। सीनियरता लिस्ट में 5 इंस्पेक्टरों का प्रमोशन किया जाना था। हेल्थ विभाग में इंस्पेक्टर पद की सैलरी ले रहा दीपक कुमार बिल क्लर्क का काम देख रहा है। उसने सुपरिंटेंडेंट ग्रेड-2 के पद पर प्रमोशन लेने से इंकार कर दिया है। जबकि इंस्पेक्टर की पोस्ट बिल क्लर्क से बड़ी है। इसी तरह एक अन्य मुलाजिम सत्यानंद जिसके पास इंस्पेक्टर का पद है, वह भी बिल क्लर्क की सीट पर तैनात है। निगम सूत्रों की मानें तो हेल्थ विभाग में कई क्लर्क ऐसे हैं, जिन्हें बिल क्लर्क की जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है। लेकिन इंस्पेक्टर जैसे बड़े पद पर आसीन मुलाजिम बिल क्लर्क की छोटी पोस्ट पर काम क्यों करना चाह रहे यह समझ से परे हैं। बता दें कि अमला क्लर्क की पोस्ट हमेशा से मुलाजिमों का रिकार्ड गायब मामले को लेकर चर्चा में बनी रही है। इस सीट पर कई तरह के आरोप-प्रत्यारोप भी लगते आए हैं। निगम को चाहिए कि क्लर्कों को भी बिल क्लर्क के सीट की जिम्मेदारी सौंपें। ताकि पद के अनुसार ही काम लिया जा सके। लेकिन अंदरखाते जो सिस्टम चल रहा भगवान भरोसे ही नजर आ रहा है। लोकल विभाग की तरफ से प्रमोशन के जारी लिस्ट में इंस्पेक्टर सतरेम सिंह, ममला, राजू और कमल का नाम शमिल है। जल्द ही इन्हें सुपरिंटेंडेंट ग्रेड-2 के पद की जिम्मेदारी सौंप दी जाएगी। सुपरिंटेंडेंट ग्रेड-2 के पद पर 2 साल के लिए डिबार एडिश्नल चीफ सेक्रेटरी तेजवीर सिंह ने सीनियरता के आधार पर प्रमोशन का आदेश जारी किया है। जिसमें इंस्पेक्टर के प्रमोशन लेने से इनकार करने पर लिखा है कि सरकार की हिदायतों जनरल एंड कॉमन कंडीशन ऑफ सर्विस रूल 1998 के तहत इन कर्मचारियों को पद उन्नति के आदेश जारी होने पर बतौर सुपरिंटेंडेंट ग्रेड-2 के पद पर 2 साल के लिए डिबार किया जाता है। बता दें कि अमृतसर में इंस्पेक्टर पद पर तैनात दीपक के अलावा किसी दूसरे जिले से अनिल कुमार ने प्रमोशन लेने से इंकार किया है।


