भास्कर न्यूज| बूंदी करीब 25 वर्षों से संघर्षपूर्ण जीवन जी रहे ग्राम पंचायत माटूंदा क्षेत्र की हनुमान कॉलोनी, विजयनगर कॉलोनी और संजय कॉलोनी के बाशिंदों को नगर परिषद में शामिल होने के बाद विकास की उम्मीद जगी थी, लेकिन समय बीतने के साथ यह उम्मीद भी कमजोर पड़ती नजर आ रही है। श्योपुर बावड़ी के पास बसी इन कॉलोनियों में आज भी बुनियादी सुविधाओं का अभाव बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इन कॉलोनियों में अब तक कोई ठोस विकास कार्य नहीं हो पाया। बरसात के दिनों में हालात और बिगड़ जाते हैं। कई स्थानों पर पानी भर जाने से कॉलोनीवासियों का जनजीवन प्रभावित होता है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि 27 मार्च 2025 को नगर परिषद परिसीमन के तहत इन कॉलोनियों को नगर परिषद में शामिल किया गया था। उस समय लोगों को लगा कि अब विकास कार्य गति पकड़ेंगे, लेकिन लगभग 10 माह बीतने के बावजूद नगर परिषद स्तर पर इन कॉलोनियों की कोई सुध नहीं ली गई। वर्तमान में इन कॉलोनियों का पंचायत से नाम हटाकर बूंदी नगर परिषद के नवगठित वार्ड 11 में शामिल किया जा रहा है। अब कॉलोनीवासी नगर परिषद चुनाव में मतदान करेंगे। पेयजल, सड़क, नाली और रोड लाइट की गंभीर समस्या कॉलोनीवासियों ने बताया कि क्षेत्र में आज भी पेयजल, सड़क, नाली निर्माण और रोड लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध नहीं हैं। पानी की निकासी की उचित व्यवस्था नहीं होने से कई जगह जलभराव की स्थिति बनी रहती है। सड़क निर्माण नहीं होने से आवागमन में परेशानी होती है। यहां पानी की टंकी तो बनाई गई, लेकिन कनेक्शन नहीं होने के कारण वह अब तक चालू नहीं हो सकी। कई स्थानों पर नल कनेक्शन तक उपलब्ध नहीं हैं। ^ इस मामले की जानकारी नहीं है। पहले पूरे मामले की जानकारी लेंगे, इसके बाद ही कुछ बता पाएंगे। – धर्मेंद्र मीणा, आयुक्त, नगरपरिषद जनप्रतिनिधियों से मिल चुके हैं कई बार स्थानीय निवासी बंसीलाल पहाड़िया, राधेश्याम बागड़ी, हेमराज नायक और छोटूलाल योगी ने बताया कि वे अपनी समस्याओं को लेकर पूर्व विधायक अशोक डोगरा, वर्तमान विधायक हरिमोहन शर्मा से कई बार मिल चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।


