अलवर के निकट सैंथली ग्राम पंचायत के चंदवास गांव में जोहड़ की खुदाई और चारदीवारी लगाने का टेंडर डेढ़ साल पहले हुआ और जोहड़ पर 7 दिन पहले बोर्ड लगाया। जिस पर लिख दिया कि जोहड़ का काम डेढ़ साल से जारी है। जबकि मौके जोहड़ से एक परात मिट्टी नहीं निकाली। कुछ हिस्से में केवल डेढ़ फीट ऊंची दीवार लगी है। बाकी पूरा जोहड़ गंदगी से अटा है। ऊपर से ठेकेदार को कुछ पैसा भी जारी कर दिया। वहीं ग्रामीणों का आरोप है कि सचिव और सरपंच मिलकर बजट को ठिकाने लगाने में लगे है। ज्यादातर भुगतान कर दिया। लेकिन सचिव का कहना है कि अभी भुगतान पूरा नहीं किया है। चंदवास के ग्रामीण साहिल ने कहा कि जोहड़ की सफाई व चारदीवारी का 4.28 लाख रुपए का टेंडर दिया था। यह टेंडर भी करीब डेढ़ साल पहले दिया गया। अब 7 दिन पहले बोर्ड लगा दिया कि जोड़ का काम पूरा होना दिखा दिया। नरेगा के जरिए काम करना दिखाया गया। जबकि मौके पर लेबर आई नहीं। एक तरफ की करीब डेढ़ फीट दीवार लगी है। सचिव व सरपंच मिलकर बजट को ठिकाने लगाने लगे हैं। ग्रामीण हारुन का कहना है कि हमें तो यह पता चला कि 4 लाख 27 हजार रुपए उठा लिए और काम कुछ नहीं किया गया। यहां कोई लेबर नहीं आया। झूठे फोटो निकाले हैं। गांव के युवक रुजदार ने कहा कि पूरा जोहड गंदगी से अटा हुआ है। जिसे बिल्कुल साफ नहीं किया गया। गांव में दूर तक बदबू जाती है। कोई सुरक्षा नहीं है। दीवार भी नहीं लगाई और पैसा उठाने की जानकारी है। वहीं इस मामले में सचिव मनोज कुमार का कहना है कि अभी केवल 49 हजार रुपए का भुगतान किया है। करीब डेढ़ साल पहले काम शुरू हुआ था। बोर्ड अभी 7 दिन पहले लगाया है। बोर्ड लगाने में देरी की है। बाकी बजट पूरा जारी नहीं किया। काम पूरा कराएंगे।


