बैतूल जिले से हृदय संबंधी बीमारियों से ग्रस्त 75 मासूम बच्चों को रविवार को उपचार के लिए भोपाल रवाना किया गया। इन बच्चों के साथ सात डॉक्टरों की एक विशेष टीम भी भेजी गई है। यह पहल राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के तहत की गई है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. मनोज कुमार हुरमाड़े ने बताया कि यह दल जयप्रकाश जिला चिकित्सालय, भोपाल में आयोजित विशेष हृदय रोग शिविर में भाग लेने गया है। मिशन संचालक एनएचएम भोपाल डॉ. सलीना सिंह के निर्देशानुसार इस शिविर का आयोजन किया गया है। चिन्हित बच्चों में से चार बच्चे अतिआवश्यक उपचार श्रेणी में हैं। इनका प्राथमिक परीक्षण भोपाल में होगा, जिसके बाद आवश्यकतानुसार उन्हें राजकोट स्थित पीडियाट्रिक कार्डियक रिसर्च सेंटर में उन्नत जांच और उपचार के लिए भेजा जाएगा। डॉ. हुरमाड़े ने जानकारी दी कि बच्चों की यात्रा, भोजन, दवाइयों और अन्य सभी आवश्यक व्यवस्थाएं स्वास्थ्य विभाग द्वारा की गई हैं। उन्होंने यह भी बताया कि जिले से पहली बार इतनी बड़ी संख्या में बच्चों को हृदय रोग परीक्षण के लिए भेजा जा रहा है। बच्चों को रवाना करते समय कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी और स्वास्थ्य अमले के अधिकारी मौजूद रहे। इस अवसर पर डीपीएम विनोद शाक्य, डीआईओ डॉ. प्रांजल उपाध्याय, आरबीएसके जिला मैनेजर योगेन्द्र दवड़े सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य सदस्य भी उपस्थित थे। शिविर प्रभारी योगेंद्र कुमार ने बताया कि आरबीएसके टीम द्वारा स्कूलों और आंगनवाड़ी केंद्रों में बच्चों की स्क्रीनिंग की जाती है, जिसके माध्यम से संभावित हृदय रोग से ग्रसित बच्चों का चिह्नांकन किया गया। इन बच्चों को 2 बसों, 3 एम्बुलेंस और 3 छोटे वाहनों से भोपाल भेजा गया। बच्चों के साथ 8 आरबीएसके चिकित्सक, 1 मेडिकल ऑफिसर, 3 फार्मासिस्ट और एक स्पेशल एजुकेटर का दल भी गया है।


