जिले के बुढार स्थित पीएम एक्सीलेंस कॉलेज में प्रवेश फीस बढ़ोतरी और शैक्षणिक-प्रशासनिक अव्यवस्थाओं के विरोध में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने प्रदर्शन किया। छात्रों ने बुधवार को 23 मांगों को लेकर आवेदन सौंपा। जिसमें 15 दिनों के भीतर समस्याओं का समाधान न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी गई है। छात्रों ने कहा कि प्रथम, द्वितीय और तृतीय वर्ष की प्रवेश फीस में अचानक 1900 से 2000 रुपए तक बढ़ा दी गई, जिसकी छात्रों को कोई पूर्व सूचना नहीं दी गई। इस आदेश को वापस और छात्रों से वसूली गई अतिरिक्त राशि लौटाई जाए। इन समस्याओं को लेकर छात्रों ने किया प्रदर्शन शंभूनाथ शुक्ल विश्वविद्यालय की यूजी प्रथम वर्ष की परीक्षाएं अगस्त में हो चुकी हैं, लेकिन उनके परिणाम अब तक जारी नहीं हुए हैं। इसके अतिरिक्त, एपीएस विश्वविद्यालय की मार्कशीट भी लंबित पड़ी है। गर्ल्स कॉमन रूम को कंप्यूटर रूम में बदल दिया गया है, जिसे आज तक फिर से स्थापित नहीं किया गया। सैनिटरी वेंडिंग मशीन नहीं लगी है, उसे लगाया जाए। स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था, वॉशरूम और क्लासरूम की नियमित सफाई की जाए। इसके साथ ही, लाइब्रेरी में नई शिक्षा नीति के अनुरूप पर्याप्त किताबें और ई-लाइब्रेरी शुरू की जाए। सीसीटीवी कैमरे न होने के कारण बाहरी लोगों की आवाजाही और विवाद की स्थिति बनी रहती है। ड्रेस कोड का कड़ाई से पालन हो और गेट पर एंट्री रजिस्टर की व्यवस्था लागू की जाए। वाहन पार्किंग की अव्यवस्था, अधूरे पार्किंग शेड निर्माण और नीची बाउंड्री वॉल ठीक की जाए। बाउंड्री पर तार की जाली लगाने का पूर्व आश्वासन अब तक पूरा नहीं किया गया है। NCC–NSS गतिविधियों पर भी सवाल उठाए छात्रों ने कहा कि एक ही सेट बैंड होने से कार्यक्रमों में समस्या होती है। NSS की तीन यूनिट के 300 छात्रों के लिए समान ड्रेस कोड लागू करने और ट्रैकसूट उपलब्ध कराने की मांग की गई। इसके अलावा फील्ड विजिट दोबारा शुरू करने, बॉटनिकल गार्डन निर्माण, गर्ल्स हॉस्टल आवंटन और समय-सारणी का बड़ा बैनर लगाने जैसी मांगें भी शामिल हैं। ज्ञापन सौंपने वालों में विभाग संगठन मंत्री सावन सिंह, विभाग संयोजक अखिलेश सिंह, छात्रा प्रमुख अंजली पांडेय, अमन त्रिपाठी, अजय सिंह बैंस, ऋतुराज द्विवेदी, अनुराग गुप्ता, राशी मिश्रा, सृष्टि सिंह, आयुष सेन, निश्चय साहू सहित बड़ी संख्या में छात्र मौजूद रहे।


