कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट आज बुधवार रायपुर पहुंचे और एयरपोर्ट से सीधे धमतरी के लिए रवाना हो गए। SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिविजन) को लेकर पायलट ने सरकार और चुनाव आयोग पर जमकर हमला बोला। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा- “SIR पर बहुत सारे सवाल उठ रहे हैं। कई राज्यों में बीएलओ आत्महत्या कर रहे हैं। इतनी जल्दबाजी में हम क्या साबित करना चाहते हैं? किसी गरीब आदमी का नाम अगर मतदाता सूची से काटा जाएगा तो कांग्रेस पार्टी इसे बर्दाश्त नहीं करेगी।” उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग दबाव में काम कर रहा है और कांग्रेस इसे देश के सामने उजागर करेगी। पायलट ने “वोट चोरी के मामलों में जांच बिठाने की भी बात कही है। साथ ही बताया कि 14 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में कांग्रेस SIR के खिलाफ बड़ा प्रदर्शन करने जा रही है। कांग्रेस को नक्सल समर्थक बताने पर पायलट का पलटवार भाजपा द्वारा कांग्रेस को नक्सल समर्थक बताने पर सचिन पायलट ने तीखा जवाब दिया। उन्होंने कहा- “उग्रवाद और आतंकवाद का मुकाबला कांग्रेस ने सबसे मजबूती से किया है। कांग्रेस के नेताओं ने शहादत दी है, इस देश को अपने खून से सींचा है। जो लोग सिर्फ मंचों से भाषण देते रहे, आज वही लोग राज कर रहे हैं, छत्तीसगढ़ में हमने अपनी पूरी जमात खो दी है।कृपया बीजेपी वाले इस मुद्दे पर भाषण न दें।” धमतरी,कांकेर और बस्तर में कांग्रेस के एसआईआर अभियान की समीक्षा करेंगे सचिन धमतरी में SIR अभियान की समीक्षा बैठक के बाद सचिन पायलट कांकेर जाएंगे। वहां वे पार्टी पदाधिकारियों के साथ बैठक कर संगठनात्मक तैयारियों का जायजा लेंगे। देर शाम वे जगदलपुर पहुंचेंगे। 27 नवंबर को जगदलपुर में पायलट SIR अभियान की विस्तृत समीक्षा करेंगे और मीडिया से भी बात करेंगे। इसके बाद शाम को दिल्ली के लिए रवाना हो जाएंगे। जिलाध्यक्षों की लिस्ट के इंतजार के बीच पायलट का यह दौरा काफी अहम माना जा रहा है। कांग्रेस ने कंट्रोल रूम बनाया, SIR अभियान की मॉनिटरिंग जारी SIR अभियान की लगातार निगरानी के लिए प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में कंट्रोल रूम बनाया गया है। सलाम रिजवी को इसका संयोजक नियुक्त किया गया है। कंट्रोल रूम जिलों से आने वाली शिकायतों, मतदाताओं के नाम काटे जाने और किसी भी अनियमितता पर तुरंत कार्रवाई करेगा। कांग्रेस ने सभी जिलों में मास्टर ट्रेनर भी नियुक्त किए हैं, जो बूथ लेवल एजेंट और कार्यकर्ताओं को SIR प्रक्रिया की ट्रेनिंग दे रहे हैं। निर्देश यह भी है कि किसी मतदाता का नाम बिना कारण न हटाया जाए। SIR की समय सीमा 3 महीने बढ़ाने की मांग कांग्रेस का कहना है कि इस समय राज्य में धान खरीदी का व्यस्त सीजन चल रहा है। ऐसे में किसान SIR प्रक्रिया में सही तरीके से भाग नहीं ले पा रहे हैं। पार्टी ने मांग की है कि अभियान की समय सीमा 3 महीने बढ़ाई जाए। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि SIR का उपयोग “कांग्रेस के मजबूत बूथों में मतदाताओं के नाम हटाने” के लिए किया जा रहा है।


