रांची| डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय में 78वां एनसीसी दिवस कैंपस में नई ऊर्जा का संचार कर गया। कार्यक्रम की शुरुआत से लेकर समापन तक कैडेट्स की वर्दी, उनकी चाल, उनकी आवाज और मंच पर प्रस्तुत कला-सबमें एनसीसी की विशिष्ट ऊर्जा, अनुशासन और देशभक्ति साफ झलक रही थी। बतौर मुख्य अतिथि कमांडिंग ऑफिसर 19 जेएचबीएन कर्नल रोहित नंदन प्रसाद और विशिष्ट अतिथि कर्नल अमित लांबा की उपस्थिति ने समारोह को विशेष बना दिया। जैसे ही कैडेट्स ने मुख्य अतिथि को गार्ड ऑफ ऑनर दिया, कैंपस तालियों और उत्साह से गूंज उठा। परेड में कैडेट्स की लयबद्ध चाल, कमांड के साथ तालमेल और आत्मविश्वास से भरा प्रदर्शन सभी को आकर्षित कर रहा था। दीप प्रज्वलन और स्वागत-गान के बाद सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भी ऊर्जा का वही प्रवाह देखने को मिला। रजिस्ट्रार डॉ. धनंजय वासुदेव द्विवेदी ने कहा कि एनसीसी युवाओं में जो ऊर्जा जगाती है, वही उन्हें कर्तव्य, नेतृत्व और राष्ट्रसेवा की राह पर आगे बढ़ाती है। कैप्टन जी.सी. बास्के की मॉनिटरिंग में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कैडेट्स को सर्टिफिकेट और उपहार देकर सम्मानित किया गया। ट्रेनिंग ही नहीं, ऊर्जा भी जगाती है एनसीसी… कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथि कर्नल रोहित नंदन प्रसाद ने अपने संबोधन में कहा कि एनसीसी युवाओं को सिर्फ फिजिकल ट्रेनिंग नहीं देती, बल्कि भीतर भी ऊर्जा जगाती है। साथ ही कैडेट्स को जिम्मेदार नागरिक बनाती है। समापन कैप्टन जीसी बास्के के धन्यवाद ज्ञापन और एनसीसी गान के साथ हुआ। इस मौके पर डॉ अभय कृष्ण सिंह समेत यूनिवर्सिटी के अन्य शिक्षक मौजूद थे।


