भास्कर न्यूज | कोरबा राज्य शासन ने किसानों को बड़ी राहत दी है। गिरदावरी और डिजिटल क्रॉप सर्वे के लिए संशोधन की अवधि 15 दिसंबर तक बढ़ा दी गई है। इससे उन किसानों को अधिक फायदा होगा जिनका रकबा जीरो हो गया था। इसके साथ ही कैरी फॉरवार्ड, डुबान क्षेत्र और वन पट्टाधारी किसान पंजीयन भी करा सकेंगे। दैनिक भास्कर ने 28 नवंबर के अंक में कोदो को बताया घास, खेत को मैदान शीर्षक से खबर प्रमुखता से प्रकाशित की थी। जिसमें गिरदावरी और डिजिटल क्रॉप सर्वे को लेकर सवाल उठाया गया था। कई किसानों का रकबा जीरो कर दिया गया है। इससे किसान परेशान थे। खबर प्रकाशित होने के बाद भैसमा तहसीलदार केके लहरे ने मौके पर पहुंचकर सत्यापन किया था। इसी तरह की शिकायत दूसरे क्षेत्रों से भी आ रही थी। इसके बाद ही शासन ने किया आदेश जारी किया है। पहले शासन ने एकीकृत किसान पोर्टल के माध्यम से 30 नवंबर तक कैरी फॉरवर्ड, डुबान क्षेत्र और वन पट्टा धारी किसानों को पंजीयन कराने का मौका दिया गया था। अब संशोधित प्रावधान के अनुसार समितियों के समिति लॉगिन में भी यह सुविधा दी गई है। इस भी अब 15 दिसंबर तक बढ़ाया गया है।


