5.74 करोड़ वोटर्स को बांटे गणना पत्रक:SIR…… लास्ट डेट बढ़ गई, पर मप्र में हट सकते हैं 35-40 लाख नाम

हरेकृष्ण दुबोलिया/अजय वर्मा की रिपोर्ट केंद्रीय चुनाव आयोग ने एसआईआर (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) के लिए गणना पत्रक जमा करने की अंतिम तारीख बढ़ा दी है। फिर भी चुनाव आयोग के शुरुआती आकलन के मुताबिक, एसआईआर के बाद प्रदेश में 35 से 40 लाख मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से हट सकते हैं। वजह यह है कि प्रदेशभर में अब भी 40 लाख 93 हजार 479 गणना पत्रक वापस नहीं लौटे हैं, जबकि ये फॉर्म करीब 93% से ज्यादा बूथों पर बांट दिए गए थे। इसके अलावा 49,500 से अधिक गणना पत्रक तो बांटे ही नहीं गए, क्योंकि ये मतदाता अब रिकॉर्ड में अस्तित्व में नहीं हैं। अनुमान है कि इनमें से ज्यादातर वे हैं जिनकी मौत हो चुकी है या जो स्थायी रूप से लापता/दूसरी जगह शिफ्ट हो गए हैं। फॉर्म जमा नहीं किए तो नोटिस मिलेगा- जिन्होंने गणना पत्रक जमा नहीं किए या बीएलओ के पास प्रविष्टि नहीं है, उन्हें नोटिस जारी होंगे। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर और उज्जैन जैसे बड़े शहरी जिले एसआईआर की रेस में सबसे पीछे हैं। 6 जिलाें में एसआईआर का 100% का पूरा
6 जिलों मंडला, अशोक नगर, नीमच, बैतूल, गुना और सीहोर में एसआईआर का सौ फीसदी काम पूरा हो गया है। इन जिलों में सभी सरकारी कर्मचारियों ने समन्वित प्रयास और अथक परिश्रम से यह संभव किया है। 39 जिलों में 95% काम पूरा हो गया है।
– संजीव कुमार झा, मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मप्र 5.74 करोड़ प्रदेश में कुल मतदाता
(27 अक्टूबर 2025 की स्थिति में)
99.91%गणना पत्रक वितरित किए (कुल 5,73,56,564)
92.78%डिजिटाइज्ड हुए
(कुल 5,32,63,085)
7.22%जो पत्रक वापस नहीं लौटे
( कुल 40,93, 479) प्रदेशभर में करीब 8 फीसदी गणना पत्रक वापस नहीं लौटे हैं। जो फॉर्म वापस नहीं आएंगे उनके नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल नहीं हो पाएंगे।
– आरपीएस जादौन, अतिरिक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, मप्र

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *