लम्बे समय से गुमशुदा लोगों की तलाश के लिए चलाए जा रहे आश्रय अभियान में दौसा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। एसपी सागर राणा ने बताया- जिले में दर्ज सभी गुमशुदगी प्रकरणों का पुनः परीक्षण करके गुमशुदा व्यक्तियों की तलाश, उनकी सुरक्षित बरामदगी एवं परिजनों को राहत प्रदान करने के लिए 15 दिन का अभियान का विशेष अभियान चलाया गया। टीमें बना कर चलाया अभियान इसके लिए एएसपी हेमंत कलाल के निर्देशन में प्रभारी मानव तस्करी विरोधी यूनिट दीपक शर्मा के नेतृत्व में गुमशुदा की तलाश के लिए चलाए जा रहे आश्रय अभियान के दौरान सभी थानों में विशेष टीमों का गठन किया गया। साथ में साइबर सेल से सभी टीमों को तकनीकी सहायता के लिए एक विशेष टीम का गठन किया गया। अभियान को प्रभावी बनाने के लिए सभी थाना प्रभारियों, बीट अधिकारियों एवं तकनीकी टीमों को विशेष निर्देश जारी किए गए थे। पुराने एवं लंबित गुमशुदगी प्रकरणों की समीक्षा कर प्राथमिकता तय की गई। विशेष फील्ड सर्च टीमें एवं टेक्निकल एनालिसिस टीमें गठित की गई। जिले भर में अभियान की निगरानी के लिए एएसपी आफिस में मॉनिटरिंग सेल सक्रिय रखा गया। 88 मिसिंग लोगों को डिटेन किया एसपी ने बताया- अभियान में 95 कार्रवाई करते हुए 88 गुमशुदा लोगों को दस्तयाब किया गया। साथ ही 4 गुमशुदा का मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करवाकर मामलों का निस्तारण और 13 मामलों में गुमशुदा को दस्तयाब किया गया। साथ ही जिले के बाहर के गुमशुदा जयपुर ग्रामीण, खाटूश्यामजी, सीकर व बांसवाड़ा के गुमशुदा को दस्तयाब किया गया। पुलिस टीम की वर्किंग को सराहा एसपी ने बताया- अभियान में पुलिस की सक्रियता, संवेदनशीलता और जन सेवा भाव की प्रतीक रहीं। टीम द्वारा गहन फील्ड वेरिफिकेशन, संभावित स्थलों पर अचानक निरीक्षण, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, अस्पताल, आश्रय स्थलों आदि में व्यापक सर्च, डोर-टू-डोर पूछताछ, तकनीकी विश्लेषण, सीसीटीवी फुटेज की जांच, संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान व सत्यापन जैसी कार्रवाइयों शामिल रहीं। सक्रिय कार्रवाई के कारण कई गुमशुदा व्यक्तियों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिले तथा कई व्यक्तियों का पता लगाकर परिजनों सुपुर्द कर राहत दी गई।


