मंगलवार शाम करणी सेना के प्रमुख जीवन सिंह शेरपुर ने बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं, परिजनों और समाजजनों के साथ नीमच स्थित केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (CBN) कार्यालय का घेराव किया। इस दौरान उन्होंने पिपलियामंडी निवासी गोरधन सिंह पर दर्ज मादक पदार्थ तस्करी का मामला वापस लेने की मांग की। अधिकारियों की कार्रवाई को बताया पक्षपातपूर्ण जीवन सिंह शेरपुर ने अधिकारियों से मुलाकात करते हुए कहा कि गोरधन सिंह का न तो कोई आपराधिक रिकॉर्ड है और न ही उनका किसी तस्करी गतिविधि से कोई संबंध। उन्होंने इसे “षड्यंत्रपूर्वक फंसाने” और “स्पष्ट पक्षपातपूर्ण कार्रवाई” करार दिया। करणी सेना ने मामले की निष्पक्ष, वैज्ञानिक और तथ्य आधारित जांच की मांग की। ग्रामीणों ने भी दिया था ज्ञापन कुछ दिन पहले किसान नेता श्यामलाल जोकचंद के नेतृत्व में ग्रामीणों ने भी ज्ञापन सौंपा था। ज्ञापन में गोरधन सिंह को एक साधारण मजदूर बताया गया था, जो गिट्टी-मोरम की सप्लाई कर अपने परिवार का पालन-पोषण करता है। ग्रामीणों ने उसकी कमजोर आर्थिक स्थिति और आपराधिक इतिहास न होने की बात भी अधिकारियों के सामने रखी। अधिकारियों ने जांच के लिए समय मांगा CBN अधिकारियों ने जांच के लिए डेढ़ माह का समय बताया। जीवन सिंह शेरपुर ने अधिकारियों से आग्रह किया कि मामले में पारदर्शिता बरती जाए और गोरधन सिंह को जल्द न्याय दिलाया जाए। इस दौरान गोरधन सिंह के परिजन, समाजजन और करणी सेना के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में CBN कार्यालय पर मौजूद रहे और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें रखीं।


