भास्कर न्यूज | नांदघाट ग्राम तरपोंगी के पुराने विद्यालय भवन जर्जर हो जाने के कारण शिक्षा व्यवस्था पर असर पड़ रहा है। वर्तमान में अतिरिक्त कमरों में दो-दो कक्षाएं एक साथ लग रही हैं, जिसमें कुल 156 विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। वहीं, प्रायमरी विद्यालय के जर्जर भवनों को तोड़ दिया गया है और मिडिल स्कूल की बिल्डिंग भी खराब हो चुकी है। ऐसे में विद्यार्थी पंचायत भवन के कांजी हाउस और रंगमंच में पढ़ाई कर रहे हैं। पूर्व में तरपोंगी स्कूल से कई प्रतिभाएं निकली हैं, जिनमें राजेंद्र धर दीवान (कलेक्टर), उमेश तिवारी (जीएसटी संयुक्त आयुक्त), मनहरण गिरी गोस्वामी (जेलर), पत्रकार भूपेश धर, अभियंता दीपक तिवारी, प्रो. प्रेमलाल ध्रुव, प्राचार्य कन्हैया धर दीवान, शिक्षक देवचरण साहू, खेल और पुलिस अधिकारी ओंकार ध्रुव, मोती निषाद (बैंक प्रबंधक) सहित अनेक उदाहरण शामिल हैं। नए भवनों के लिए तत्कालीन सरपंच निर्मला साहू के प्रयास से 2023-24 में मुख्यमंत्री स्कूल जतन योजना के तहत नया भवन निर्माण कार्य शुरू हुआ। 35-40 लाख रुपये की लागत से चार और पांच कक्ष निर्माण द्वारा कराए जा रहे हैं। लेकिन ढाई से तीन साल बीत जाने के बावजूद निर्माण कार्य विलंब और अनियमितताओं का शिकार है। हैण्ड ओवर से पहले ही दीवारों में दरारें आ गईं। जिनकी शिकायत ग्राम सुराज में की गई थी, लेकिन जांच केवल कागजी खानापूर्ति तक सीमित रही। वर्तमान में दीवारों की दरारों को पुट्टी भरकर लिपा पोती की जा रही है। नई कमरों का निर्माण वर्तमान परिसर से 1/4 किलोमीटर दूर हो रहा है, फिर भी दोनों भवनों में प्रसाधन कक्ष और चार दीवारी उपलब्ध नहीं है। इससे समस्या बढ़ गई है। कार्रवाई का आश्वासन इस पर पूर्व सरपंच एवं मारो मंडल महिला मोर्चा अध्यक्ष निर्मला साहू ने ठेकेदार की गुणवत्ता और विलंब पर रोष व्यक्त करते हुए शीघ्र कार्य पूर्ण करने और शेष प्रसाधन कक्ष निर्माण के लिए अन्य साधनों से समाधान करने की मांग की। जिला शिक्षा अधिकारी चतुर्वेदी ने संबंधित विभाग से जानकारी लेकर शीघ्र कार्रवाई करने के निर्देश दिए।


