गोटन कस्बे के निकटवर्ती ग्राम पंचायत कड़वासरो की ढाणी के धोलामंगरा क्षेत्र में इन दिनों गंभीर जल संकट गहराया हुआ है। यहां स्थित जीएलआर (ग्राउंड लेवल रिजर्वायर) और मवेशियों के लिए बनी खेली लंबे समय से पूरी तरह खाली पड़ी है, जिससे आम ग्रामीण और पशुपालक खासे परेशान हैं। पशुओं के पानी के लिए सुखी पड़ी खेली की वजह से पशुओं को पानी के लिए तरसता देखा जा सकता है। विभागीय उदासीनता से ढांचा हुआ बेकार ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने इस गंभीर समस्या से निजात पाने के लिए जलदाय विभाग के अधिकारियों को कई बार अवगत कराया, लेकिन विभागीय उदासीनता के चलते स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ है। ग्रामीण चंद्रशेखर कड़वासरा ने आक्रोश जताते हुए कहा कि जीएलआर में महीनों से पानी की सप्लाई ठप है। पानी नहीं मिलने से यह लाखों की लागत से बना ढांचा पूरी तरह बेकार साबित हो रहा है। महंगे टैंकर मंगवाने को मजबूर हुए लोग जल आपूर्ति ठप होने के कारण सबसे अधिक परेशानी मवेशी पालकों को हो रही है क्योंकि खेली में एक बून्द भी पानी नहीं है। पानी की किल्लत से जूझ रहे आसपास की ढाणियों के निवासियों को अब मजबूरी में महंगे दामों पर निजी पानी के टैंकर मंगवाने पड़ रहे हैं। इस बढ़ते आर्थिक बोझ और पानी की अनुपलब्धता ने क्षेत्र के लोगों की दैनिक दिनचर्या को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। जल्द समाधान नहीं तो करेंगे आंदोलन स्थानीय निवासियों ने जलदाय विभाग से सख्त लहजे में मांग की है कि धोलामंगरा स्थित जीएलआर और खेली में तुरंत पानी की सप्लाई सुचारू की जाए, ताकि ग्रामीणों और मवेशियों को राहत मिल सके। ग्रामीणों ने साफ चेतावनी दी है कि अगर उनकी समस्या का जल्द समाधान नहीं किया गया, तो वे सामूहिक रूप से बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे।


