पाकुड़ जिला मुख्यालय के किताझोर मोहल्ले स्थित अनुसूचित जाति आवासीय प्राथमिक विद्यालय में बच्चों के साथ मारपीट का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि विद्यालय का नाइट गार्ड विनय मिश्रा शराब के नशे में स्कूल परिसर पहुंचा और देर रात बच्चों की बेरहमी से पिटाई कर दी। नाइट गार्ड स्कूल के वार्डन का पति है। घटना के बाद कुछ बच्चे किसी तरह वहां से जान बचाकर भागे और सीधे उपायुक्त (डीसी) आवास पहुंचे, जहां मौजूद अधिकारियों को उन्होंने पूरी घटना की जानकारी दी। शिकायत के बाद डीसी मनीष कुमार ने तत्काल प्रशिक्षु डीएसपी अजय आर्यन को मौके पर भेजा। डीएसपी ने विद्यालय पहुंचकर नाइट गार्ड को नशे की हालत में पाया और तुरंत उसे हिरासत में ले लिया। नगर थाना लाकर की गई जांच में उसके अत्यधिक शराब पीने की पुष्टि हुई। अधिकारियों की जांच में खुली पोल, बच्चों ने बताए दर्द घटना के बाद अंचल अधिकारी अरविंद बेड़िया और नगर परिषद प्रशासक अमरेंद्र चौधरी विद्यालय पहुंचे और पूरे मामले की जांच की। अधिकारियों के समक्ष बच्चों ने सामूहिक रूप से अपनी पीड़ा बयां की। उन्होंने बताया कि विद्यालय में नाइट गार्ड, वार्डन और प्रिंसिपल मनमानी करते हैं। बच्चों ने आरोप लगाया कि उन्हें कीड़े लगे अनाज खिलाए जाते हैं। जिससे कई बार उन्हें पेट दर्द और उल्टी जैसी समस्याएं भी हुईं। नाइट गार्ड उनसे पैसे मांगता है। वह अक्सर स्कूल परिसर में ही शराब पीता है। विरोध करने पर वह उन्हें मारता-पीटता है। छात्रों ने बताया कि वार्डन उनसे अपने निजी कपड़े धुलवाती है। कई बार किचन व अन्य कामों में भी जबरन लगाया जाता है। इसके अलावा ठंड के दिनों में इस्तेमाल होने वाले कंबल और स्वेटर स्टोर रूम में रखे रहते हैं। बच्चों को नहीं दिए जाते। जिसके कारण उन्हें रातें ठिठुरते हुए गुजारनी पड़ती हैं। स्कूल के बाहर बच्चों का हंगामा जांच के दौरान बच्चों ने विद्यालय परिसर के बाहर प्रदर्शन भी किया और नाइट गार्ड, वार्डन तथा प्रिंसिपल को पद से हटाने की मांग की। उनका कहना था कि विद्यालय में लंबे समय से उत्पीड़न और लापरवाही का माहौल है, लेकिन कोई उनकी सुनवाई नहीं करता। अधिकारियों की टीम ने सभी शिकायतों को गंभीरता से नोट किया। सीओ अरविंद बेड़िया ने बताया कि पूरी जांच रिपोर्ट तैयार कर डीसी को भेजी जाएगी, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों और अभिभावकों में भी भारी आक्रोश है।


