छतरपुर जिले के बनगांय गांव में रविवार देर रात अवैध खाद परिवहन को लेकर किसानों ने हंगामा किया। लुगासी चौकी क्षेत्र में रात करीब 11:30 बजे किसान देवेंद्र पटेल और ग्रामीणों ने खाद से भरे एक ट्रक (एमपी16 ZC 2463) को रोक लिया। किसानों ने आरोप लगाया कि जिले में खाद की कालाबाजारी चरम पर है। सरकारी दर 266 रुपए प्रति बोरी के बजाय खाद 500-600 रुपए में बेची जा रही है। ग्रामीणों ने बताया कि ट्रक में लगभग 350 बोरी यूरिया थी। उनका कहना था कि कर्मचारियों ने पहले इसे समिति में उतारने की बात कही, लेकिन बाद में इसे एक निजी दुकान में उतारने का प्रयास किया गया। किसानों ने प्रशासन पर लापरवाही और अधिकारियों पर अभद्रता का आरोप लगाया। उनका कहना था कि इन कारणों से किसान आंदोलन के लिए मजबूर हो रहे हैं। बुधवार को छतरपुर मंडी में किसानों से हुई अभद्रता और एक महिला किसान को तहसीलदार द्वारा कथित तौर पर थप्पड़ मारे जाने की घटना के बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है। ग्रामीणों ने मांग की कि ट्रक तभी खाली कराया जाएगा जब तहसीलदार और एसडीएम मौके पर पहुंचेंगे। उन्होंने रातभर मौके पर अनशन पर बैठने की चेतावनी भी दी। सूचना मिलने पर लुगासी चौकी पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और ट्रक को अपने कब्जे में लेकर चौकी परिसर में खड़ा कर दिया। इस संबंध में कृषि विकास अधिकारी रवीश सिंह ने बताया कि खाद सरकारी लाइसेंसधारी विक्रेता विनोद प्रजापति के यहां भेजी जा रही थी। विवाद बढ़ने के बाद वाहन को चौकी भेजा गया। उन्होंने यह भी बताया कि विभागीय टीम को सुबह मौके पर भेजा गया है और किसानों को उचित सरकारी दर पर खाद का वितरण शुरू कर दिया गया है।


