डीडवाना में कस्टोडियन भूमियों के मालिकाना हक को लेकर चल रहे किसानों के आंदोलन को अब समाधान की उम्मीद है। पिछले एक माह से जिला कलेक्टर कार्यालय के बाहर यह धरना जारी है।
किसानों के एक प्रतिनिधिमंडल ने भाजपा नेता जितेंद्र सिंह जोधा से मुलाकात की और अपनी समस्याओं तथा लंबित मांगों को उनके समक्ष रखा। प्रतिनिधिमंडल ने जोधा को बताया कि वे दशकों से इन कस्टोडियन भूमियों पर खेती कर रहे हैं। हालांकि, मालिकाना हक स्पष्ट न होने के कारण उन्हें अनिश्चितता का सामना करना पड़ रहा है। इस भूमि विवाद के चलते किसान न तो सरकारी योजनाओं का लाभ उठा पा रहे हैं और न ही कृषि कार्यों में स्थिरता ला पा रहे हैं। किसानों ने जोधा से इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर उन्हें वैधानिक अधिकार दिलाने की मांग की। मामले की गंभीरता को देखते हुए, भाजपा नेता जितेंद्र सिंह जोधा ने तुरंत राजस्व मंत्री से फोन पर बात की। जोधा ने मंत्री के समक्ष किसानों की दशकों पुरानी काश्तकारी और उनकी वर्तमान स्थिति का पूरा पक्ष मजबूती से रखा। उन्होंने आग्रह किया कि इन भूमियों पर वर्षों से जीवनयापन कर रहे किसानों को प्राथमिकता के आधार पर मालिकाना हक प्रदान करने के संबंध में त्वरित निर्णय लिया जाए। राजस्व मंत्री ने जल्द कार्रवाई को दिया आश्वासन
राजस्व मंत्री ने इस मामले को संज्ञान में लेने और जल्द ही आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। किसानों के प्रतिनिधिमंडल ने जितेंद्र सिंह जोधा के सक्रिय हस्तक्षेप और मुद्दे को सीधे मंत्री स्तर तक पहुंचाने के लिए उनका आभार व्यक्त किया।
अब क्षेत्र के किसानों की निगाहें सरकार के आगामी निर्णय पर टिकी हैं। इससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि क्या लंबे समय से चले आ रहे इस विवाद का समाधान निकल पाएगा और एक माह से जारी धरने को विराम मिल सकेगा।


