नीमच जिला आरसीएमएस पोर्टल पर राजस्व प्रकरणों के निराकरण में प्रदेश में पहले स्थान पर है। कलेक्टर हिमांशु चंद्रा ने नीमच कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में आयोजित राजस्व अधिकारियों की मासिक बैठक में यह जानकारी दी। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए सभी राजस्व अधिकारियों को बधाई दी और कार्य को प्राथमिकता व त्वरित गति से जारी रखने के निर्देश दिए। बैठक में वनमंडलाधिकारी एस.के. अटोदे, एडीएम बी.एस. कलेश, सभी एसडीएम, डिप्टी कलेक्टर, तहसीलदार और नायब तहसीलदार उपस्थित थे।कलेक्टर ने आरसीएमएस पोर्टल पर नामांतरण, बटवारा, सीमांकन, विवादित नामांतरण और बटांकन के प्रकरणों की तहसीलवार प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने सभी तहसीलदारों को नामांतरण और बटवारा प्रकरणों के निराकरण का प्रतिशत 95 तक सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही, सीमांकन प्रकरणों को भी समय-सीमा में निराकृत करने को कहा। कलेक्टर ने सभी तहसीलदारों को नक्शा तरमीम के कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि शासन द्वारा शीघ्र ही राजस्व महाअभियान प्रारंभ किया जा रहा है, जिसके सफल क्रियान्वयन के लिए अभी से तैयारी करने को कहा गया। इसके अतिरिक्त, फार्मर रजिस्ट्री आर.ओ.आर. लिंकिंग और खसरा ई-केवाईसी का शत-प्रतिशत सैचुरेशन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में नवीन राजस्व ग्राम बनाने, वन व्यवस्थापन, अतिवृष्टि प्रभावितों को राहत राशि वितरण, रास्ता विवादों का निराकरण, भू-राजस्व की वसूली, डायवर्सन वसूली, पारंपरिक एवं शासकीय रास्तों के विवादों का निराकरण कर रास्ते खुलवाने और अतिक्रमण संबंधी प्रकरणों की भी तहसीलवार समीक्षा की गई। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि राजस्व संबंधी मामलों, प्रकरणों और विवादों का निराकरण राजस्व न्यायालयों में ही किया जाए। उन्होंने सभी राजस्व अधिकारियों और प्रभारी अधिकारियों को न्यायालयों में प्रचलित प्रकरणों में जवाब दावा समय-सीमा में प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए।


