झाबुआ जिले के समोई गांव में श्री निजानंद श्री कृष्ण प्रणामी समिति द्वारा आयोजित पांच दिवसीय श्रीमद् भागवत श्री कृष्ण कथा का समापन शनिवार को हो गया। यह आयोजन ब्रह्मलीन महंत 108 नटवरलाल वृंदावन दास भट्ट के 47वें स्मृति महोत्सव के उपलक्ष्य में गुरुजी 108 रश्मिकांत भट्ट के मार्गदर्शन में किया गया। इस दौरान सिक्किम के महंत 108 प्रमोद सुधाकर जी महाराज ने श्रीमद् भागवत कथा का वाचन किया। प्रतिदिन श्रद्धालुओं द्वारा श्रीकृष्ण प्रणामी संप्रदाय के पवित्र ग्रंथों का भी पाठ किया गया। ये संत हुए शामिल इस आयोजन में देश भर से प्रणामी समुदाय के कई संत और प्रमुख व्यक्ति उपस्थित रहे। इनमें कृष्णमणि महाराज (नवतनपुरी जामनगर), रश्मिकांत भट्ट महाराज (कृष्ण प्रणामी मंदिर हरकुंडी, गुजरात), प्रमोद सुधाकरण जी महाराज (भागवत कथाकार, सिक्किम), लक्ष्मण ज्योति जी महाराज (सूरत), रमेश भट्ट जी महाराज (वडोदरा), और महेश प्रसाद जी महाराज (डाकोर) शामिल थे। बड़ी संख्या में प्रणामी समुदाय के अनुयायी भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए। आयोजन समिति के अध्यक्ष शैलेंद्र सोलंकी ने बताया कि प्रतिदिन दिन में भंडारा और रात्रि में भजन-कीर्तन का आयोजन किया गया। महोत्सव की शुरुआत 9 दिसंबर को छागोला कृष्ण प्रणामी मंदिर से निकाली गई शोभायात्रा के साथ हुई, जिसमें हजारों भक्तों ने भाग लिया। सीएम भी वर्चुअली जुड़े 12 दिसंबर को मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव वर्चुअली जुड़े। उन्होंने इस अवसर पर श्रीकृष्ण पाथेय की घोषणा भी की। इस दौरान कैबिनेट मंत्री नागरसिंह चौहान, सांसद अनिता चौहान, कलेक्टर नेहा मीना, और एसपी डॉ. शिवदयाल सिंह सहित कई प्रशासनिक और राजनीतिक व्यक्ति उपस्थित थे। समापन के अवसर पर, संप्रदाय की परंपरा के अनुसार ग्रंथ पूजन किया गया। इसके बाद आयोजित भंडारे में गुजरात, मध्य प्रदेश, सिक्किम और राजस्थान सहित विभिन्न राज्यों से आए हजारों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया।


