भास्कर संवाददाता | तलेन प्रधानमंत्री द्वारा ग्रामीण विकास कार्यों में पारदर्शिता लाने के लिए शुरू की गई डिजिटल क्रांति और ऑनलाइन योजनाओं को तलेन क्षेत्र की कई ग्राम पंचायतें पलीता लगा रही हैं। नरसिंहगढ़ जनपद के तहत आने वाली परसुखेड़ी, चोमा, भील खेड़ा, गेहूंखेड़ी, बारवा खुर्रम, अमलार, बावड़ी खेड़ा, पाडल्यादान, कासरोद, और बड़बेली जैसी पंचायतों में बड़ी वित्तीय अनियमितताएं सामने आई हैं। इन पंचायतों द्वारा महीनों से किए गए कार्यों की वित्तीय जानकारी और बिल पोर्टल पर सही ढंग से अपलोड नहीं की जा रही है। हैरानी की बात ये कि कंप्यूटरीकृत रोजगार सहायक होने के बावजूद, ये पंचायतें पोर्टलों पर जानबूझकर अस्पष्ट और बेहद धुंधले वाउचर/बिलों को अपलोड कर रहे हैं। आरोप है कि उच्च अधिकारियों की अनदेखी का फायदा उठाकर ये पंचायतों में अपने रिश्तेदारों को वेंडर बनाकर या कमीशन पर फर्जी प्राप्ति के बिलों का उपयोग कर रहे हैं। निर्माण और अन्य कार्यों की राशि का प्रतिमाह आहरण तो किया जा रहा है, लेकिन पारदर्शिता बनाए रखने के लिए अनिवार्य बिल अपलोडिंग का कार्य या तो टाला जा रहा है, या फिर जानबूझकर अपठनीय दस्तावेज अपलोड किए जा रहे हैं।


