मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रविवार को ‘आवास के साथ आजीविका’ पर आधारित 10000 डबरी निर्माण कार्यों की शुरुआत की। मौका साय कैबिनेट की पहली बैठक में 18 लाख पीएम आवास (ग्रामीण) की मंजूरी के फैसले के दो साल पूरे होने का था। इसे यादगार बनाने के लिए योजना की उपलब्धियों, नवाचारों और प्रगति पर आधारित एक कॉफी टेबल बुक का विमोचन किया गया। कार्यक्रम में सीएम साय ने कवर्धा के जनमन आवास योजना के हितग्राहियों, नारायणपुर के आत्मसमर्पित नक्सलियों और नक्सल हिंसा प्रभावित परिवारों को आजीविका डबरी के स्वीकृति पत्र दिए। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, पंचायत व ग्रामीण विकास विभाग की प्रमुख सचिव निहारिका बारीक सिंह समेत अन्य अफसर मौजूद थे। 10000 डबरियों का होगा निर्माण राज्य में मोर गांव-मोर पानी अभियान के तहत 10000 आजीविका डबरियों का निर्माण पात्र हितग्राहियों की निजी जमीन पर किया जाएगा। इसे मई 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य है। जल संरक्षण और सिंचाई सुविधा के साथ मत्स्य पालन, बत्तख पालन, वृक्षारोपण और सिंघाड़ा उत्पादन को बढ़ावा मिलने से ग्रामीणों की आय बढ़ेगी। दो वर्षों में बने 8 लाख आवास: छत्तीसगढ़ में वर्ष 2026 तक ग्रामीण इलाकों में 26.27 लाख का लक्ष्य रखा गया। अब तक 24.37 लाख आवास स्वीकृत किए गए। इनमें से 17.14 लाख आवास पूरे हो गए हैं। 2 वर्षों में 8 लाख आवास बनाकर राज्य ने नया रिकॉर्ड बनाया है।


