डीडवाना जिले में महिलाओं की सुरक्षा, परामर्श और संरक्षण को सशक्त बनाने के लिए जिला कलेक्टर डॉ. महेंद्र खड़गावत ने बुधवार को महत्वपूर्ण कदम उठाया। उन्होंने महिला सुरक्षा एवं सलाह केन्द्रों के संचालन हेतु चयनित संस्थाओं को कार्यादेश सौंपे। अतिरिक्त जिला कलेक्टर मोहनलाल खटनावलिया ने बताया कि जिला कलेक्टर के निर्देश पर 13 दिसंबर को महिला समाधान समिति की बैठक हुई थी। इस बैठक में साक्षात्कार के माध्यम से जिले में महिला सुरक्षा एवं सलाह केन्द्रों के संचालन के लिए संस्थाओं का चयन किया गया। इनमें डीडवाना के लिए महिला सेवा एवं विकास संस्था, मकराना के लिए जनहित सेवा संस्था, कुचामन के लिए एक अनोखी पहल मानव सेवा समिति और लाडनूं क्षेत्र के लिए विनायक महिला विकास समिति को अधिकृत किया गया है। महिला अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक जयप्रकाश ने जानकारी दी कि चयनित संस्थाओं को निर्धारित समय-सीमा में महिला सुरक्षा एवं सलाह केन्द्रों का सुचारू संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। ये केंद्र घरेलू हिंसा से महिलाओं के संरक्षण अधिनियम, 2005 के तहत पीड़ित महिलाओं को उचित मार्गदर्शन और सहयोग प्रदान करेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि ये केंद्र अपने-अपने क्षेत्र में न्यायालयों, संरक्षण अधिकारियों और सेवा प्रदाता संस्थाओं की सूची रखेंगे। आवश्यकतानुसार पीड़ित महिलाओं और संबंधित सेवाओं के बीच समन्वय स्थापित करेंगे। इसके अतिरिक्त, घरेलू समस्याओं के समाधान हेतु आवश्यक परामर्श, मार्गदर्शन और सलाह देने का कार्य भी इन केन्द्रों द्वारा किया जाएगा। जिला प्रशासन की इस पहल से जिले में महिलाओं को त्वरित सहायता, न्यायिक मार्गदर्शन और सामाजिक संरक्षण मिलने की उम्मीद है।


